Graphite India का मुनाफा क्यों घटा?
Graphite India ने वित्त वर्ष 2026 (FY2026) के अपने नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट पिछले साल के ₹458 करोड़ से 62.7% घटकर ₹171 करोड़ रह गया। हालांकि, इस दौरान कंपनी की कंसोलिडेटेड नेट सेल्स 11.4% बढ़कर ₹2,852 करोड़ पर पहुंच गई।
चौथी तिमाही में लगा बड़ा झटका
वित्तीय वर्ष की चौथी तिमाही (Q4 FY2026) कंपनी के लिए काफी चुनौतीपूर्ण रही। इस क्वार्टर में कंपनी को ₹105 करोड़ का कंसोलिडेटेड नेट लॉस हुआ। साथ ही EBITDA लॉस ₹100 करोड़ रहा। हालांकि, पूरे साल का प्रदर्शन लॉस में नहीं, बल्कि प्रॉफिट में रहा, लेकिन पिछले साल की तुलना में काफी कम।
क्यों हुआ ये असर?
बाजार की अस्थिरता (Market Volatility) और ट्रेजरी पर हुए नुकसान (Treasury Losses) का असर कंपनी के नतीजों पर साफ देखा गया। रेवेन्यू बढ़ने के बावजूद प्रॉफिट में यह गिरावट मार्जिन पर दबाव और कीमतों में नरमी का संकेत दे रही है।
कंपनी का बैकग्राउंड
Graphite India मुख्य रूप से ग्रेफाइट इलेक्ट्रोड बनाती है, जो स्टील प्रोडक्शन, खासकर इलेक्ट्रिक आर्क फर्नेस (EAF) के लिए जरूरी हैं। वित्त वर्ष 2025 में कंपनी ने ₹2,560 करोड़ की नेट सेल्स पर ₹458 करोड़ का नेट प्रॉफिट कमाया था।
आगे क्या?
कंपनी अपने पहले चरण की इलेक्ट्रोड क्षमता विस्तार (Capacity Expansion) को वित्त वर्ष 2027 में शुरू करने की तैयारी में है। निवेशक अब कंपनी की क्षमता, मार्जिन सुधारने की क्षमता और ट्रेजरी आय को मैनेज करने पर नजर रखेंगे।
जोखिम
बाजार की अस्थिरता, खासकर फाइनेंशियल मार्केट्स में, ट्रेजरी आय को प्रभावित कर सकती है। ग्रेफाइट इलेक्ट्रोड की कीमतों और कच्चे माल की लागत पर दबाव भी मुनाफे को कम कर सकता है।
अहम आंकड़े
- FY2026 की नेट सेल्स: ₹2,852 करोड़ (FY2025 के ₹2,560 करोड़ से 11.4% ज्यादा)।
- FY2026 का EBITDA: ₹375 करोड़ (FY2025 के ₹692 करोड़ से कम)।
- FY2026 का नेट प्रॉफिट: ₹171 करोड़ (FY2025 के ₹458 करोड़ से 62.7% कम)।
- FY2026 के लिए डिविडेंड: ₹7 प्रति शेयर।
- मार्च 2026 तक नेट कैश बैलेंस: ₹3,767 करोड़।
- ग्रॉस डेट: ₹367 करोड़।
