Global Surfaces ने FY2026 के नतीजों में **12.3%** की रेवेन्यू ग्रोथ के साथ **₹2,332.39 मिलियन** का कारोबार दर्ज किया है, हालांकि कंपनी को **₹318.39 मिलियन** का नेट लॉस हुआ है। ऑपरेशनल दक्षता बढ़ाने के लिए कंपनी ने अपनी घाटे वाली बागड़ू (Bagru) यूनिट को बंद करने का बड़ा फैसला लिया है।
मुनाफे पर दबाव और स्ट्रैटेजिक बदलाव
कंपनी की रेवेन्यू में 12.3% की बढ़ोतरी तो हुई है, लेकिन कंपनी का नेट लॉस बढ़कर ₹318.39 मिलियन पर पहुंच गया है। इसकी मुख्य वजह दुबई फैसिलिटी पर आया भारी डेप्रिसिएशन (Depreciation) और फाइनेंस कॉस्ट है। हालांकि, दुबई प्लांट में कैपेसिटी यूटिलाइजेशन 66% तक पहुंच गया है, जो आने वाले समय के लिए अच्छे संकेत हैं।
क्यों बंद हुई बागड़ू यूनिट?
अपनी 35वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में कंपनी ने साफ किया कि जयपुर की बागड़ू (Bagru) यूनिट लंबे समय से नुकसान में थी और वहां काम कम था। 31 मार्च, 2026 से इसे आधिकारिक रूप से बंद कर दिया गया है। कंपनी का फोकस अब पारंपरिक पत्थर प्रसंस्करण से हटकर पूरी तरह से 'इंजीनियर्ड क्वार्ट्ज' (Engineered Quartz) मॉडल पर शिफ्ट हो रहा है।
US मार्केट से दूरी और नए रास्ते
US टैरिफ (Tariff) की अनिश्चितता को देखते हुए कंपनी ने अपनी निर्भरता को 89% से घटाकर 77.21% कर दिया है। अब कंपनी अपना विस्तार MENA (मिडिल ईस्ट और नॉर्थ अफ्रीका) और कनाडा जैसे नए बाजारों में कर रही है। राहत की बात यह है कि कंपनी ने वर्किंग कैपिटल डेज को 157 से घटाकर 71 दिन कर लिया है, जो बेहतर कैश मैनेजमेंट को दर्शाता है।
बोर्ड में बड़े बदलाव
- M/s Ummed Jain & Co. को 5 साल के लिए वैधानिक ऑडिटर बनाया गया है।
- Mr. Rakesh Grover एडिशनल इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के तौर पर बोर्ड में शामिल हुए हैं।
- Mrs. Sweta Shah और Dr. Chandan Chowdhury की फिर से नियुक्ति का प्रस्ताव रखा गया है।
इन्वेस्टर्स के लिए सलाह: कंपनी का EBITDA फिलहाल ₹127.31 मिलियन के नुकसान में है। अगले कुछ क्वार्टर्स में यह देखना अहम होगा कि क्या कंपनी मुनाफे की राह पर लौट पाती है या नहीं।
