GOCL Corporation ने सितंबर 2026 तिमाही के लिए ₹40.50 करोड़ का नेट प्रॉफिट रिपोर्ट किया है। कंपनी ने HNPCL के साथ विलय के लिए NCLT की मीटिंग 24 नवंबर को तय की है, साथ ही ₹815 करोड़ की 'Ecopolis' प्रॉपर्टी डील पर भी नजरें हैं।
मुनाफे की रफ्तार और तिमाही नतीजे
सितंबर 2026 में समाप्त हुई तिमाही में कंपनी की कुल आय ₹66.76 करोड़ रही, जो पिछली तिमाही के ₹63.13 करोड़ से अधिक है। कंपनी का नेट प्रॉफिट मामूली बढ़ोतरी के साथ ₹40.50 करोड़ दर्ज किया गया, जो जून तिमाही में ₹40.40 करोड़ था। इस अवधि के लिए बेसिक और डाइल्यूटेड EPS ₹8.17 रहा है।
मर्जर अपडेट: निवेशकों के लिए बड़ा दिन
कंपनी ने NCLT के 8 अक्टूबर 2026 के आदेश का पालन करते हुए, HNPCL (Hinduja National Power Corporation Limited) के साथ विलय की प्रक्रिया तेज कर दी है। इसके लिए 24 नवंबर 2026 को इक्विटी शेयरधारकों और असुरक्षित लेनदारों की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए मीटिंग बुलाई गई है। यह मर्जर कंपनी के लिए एक बड़ा रणनीतिक बदलाव साबित हो सकता है।
अहम एसेट सेल और गारंटी
बेंगलुरु के 'Ecopolis' कमर्शियल प्रॉपर्टी की ₹815 करोड़ में बिक्री की प्रक्रिया अभी भी जारी है, जिस पर निवेशकों की पैनी नजर है। साथ ही, कंपनी बोर्ड ने हिंदूजा ग्रुप की अन्य कंपनियों (Hinduja National Power Corporation Limited और Hinduja Energy India Limited) के लिए कुल ₹1,316.10 करोड़ की कॉर्पोरेट गारंटी को मंजूरी दे दी है।
क्या है जोखिम?
निवेशकों को यह समझना होगा कि मर्जर की सफलता पूरी तरह से आगामी मीटिंग के नतीजों और नियामक मंजूरियों पर टिकी है। इसके अलावा, बेंगलुरु वाली प्रॉपर्टी डील में किसी भी तरह की देरी कंपनी के कैश फ्लो और भविष्य की योजनाओं को प्रभावित कर सकती है।
