GMR Power and Urban Infra Ltd ने अपनी 7वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) सफलतापूर्वक संपन्न कर ली है। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई इस मीटिंग में शेयरधारकों ने फंड रेजिंग समेत 12 प्रमुख प्रस्तावों पर अपनी मुहर लगाई है।
AGM के मुख्य बिंदु
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए आयोजित इस बैठक की अध्यक्षता Mr. G. M. Rao ने की। इसमें कंपनी ने FY26 के फाइनेंशियल स्टेटमेंट्स और FY27 के लिए कॉस्ट ऑडिटर के रेमुनरेशन जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा की। शेयरधारकों के पास 17 सितंबर से 20 सितंबर तक रिमोट ई-वोटिंग की सुविधा थी, साथ ही मीटिंग के दौरान 'इंस्टा पोल' का विकल्प भी दिया गया था।
फंड जुटाने की रणनीति
इस मीटिंग का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा कंपनी की नई कैपिटल जुटाने की योजना है। शेयरधारकों ने Qualified Institutional Placement (QIP) या Foreign Currency Convertible Bonds (FCCB) के जरिए फंड जुटाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। इसके अलावा, GMR Warora Energy के साथ ट्रांजेक्शन को भी मंजूरी मिली है, जो ग्रुप की ऑपरेशनल स्ट्रेंथ को और मजबूत करेगा।
आगे क्या होगा?
कंपनी ने M/s. V. Sreedharan & Associates को स्क्रूटनीयर नियुक्त किया है जो वोटिंग नतीजों की रिपोर्ट तैयार करेंगे। अब निवेशकों की नजर इस बात पर है कि कंपनी कब और किस कीमत पर फंड जुटाने की प्रक्रिया शुरू करती है। हालांकि, बड़े पैमाने पर फंड जुटाने से शेयरहोल्डर्स की इक्विटी डाइल्यूशन का जोखिम बना रहता है, जिसे ट्रैक करना जरूरी है।
