GHV Infra Projects ने Q2 के दमदार नतीजे पेश किए हैं, जहां कंपनी का रेवेन्यू **63%** बढ़कर **₹300.08 करोड़** पर पहुंच गया है। हालांकि, UAE के एक बड़े प्रोजेक्ट के रद्द होने और मैनेजमेंट में बड़े बदलावों की खबर भी सामने आई है।
शानदार फाइनेंशियल परफॉर्मेंस
कंपनी के लिए सितंबर तिमाही के आंकड़े काफी मजबूत रहे हैं। साल-दर-साल (YoY) आधार पर कंपनी का नेट प्रॉफिट ₹11.22 करोड़ से बढ़कर ₹18.38 करोड़ हो गया है। वहीं, रेवेन्यू में भी शानदार उछाल देखने को मिला है, जो ₹183.77 करोड़ से बढ़कर ₹300.08 करोड़ दर्ज किया गया है।
UAE प्रोजेक्ट पर लगा ब्रेक
वित्तीय मोर्चे पर मजबूती के बावजूद, कंपनी को एक बड़ा झटका लगा है। रस अल खैमाह, UAE में चल रहे 'Erisha Smart Manufacturing Hub' प्रोजेक्ट को बंद कर दिया गया है। मैनेजमेंट का कहना है कि मास्टर प्लान अप्रूवल में देरी और क्षेत्र में बढ़ती भू-राजनीतिक अस्थिरता के कारण यह फैसला लिया गया है। यह कंपनी की अंतरराष्ट्रीय विस्तार योजनाओं के लिए एक बड़ा सेटबैक माना जा रहा है।
मैनेजमेंट और बोर्ड में हलचल
कंपनी ने बड़े प्रशासनिक बदलावों की घोषणा की है:
- Salim Yahoo को नया चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर (CFO) नियुक्त किया गया है, जो 22 अक्टूबर, 2026 से प्रभावी है।
- वहीं, इंडिपेंडेंट डायरेक्टर Ravi Kumar Seth ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है।
प्रमोटर एक्शन और फंड जुटाने की प्रक्रिया
कंपनी ने प्रमोटर एंटिटी JHV Commercials LLP के साथ कन्वर्टिबल वारंट्स का कन्वर्जन पूरा कर लिया है। इस प्रक्रिया से कंपनी को ₹50 करोड़ की पूंजी मिली है और इसके बदले में 83,33,335 नए शेयर जारी किए गए हैं।
निवेशकों के लिए आगे का रास्ता
आने वाले समय में निवेशकों की नजर इस बात पर होगी कि UAE प्रोजेक्ट का कॉन्ट्रैक्ट खत्म होने से कंपनी के FY27 रेवेन्यू टारगेट पर क्या असर पड़ता है। साथ ही, बोर्ड में हुए इस्तीफे और कॉरपोरेट गवर्नेंस पर भी बाजार की पैनी नजर रहेगी।
