Chandni Machines ने लिक्विडिटी बढ़ाने के लिए 10:1 के स्टॉक स्प्लिट का प्रस्ताव रखा है, जबकि कंपनी का फाइनेंशियल ईयर 2025-26 का रेवेन्यू घटकर ₹25.97 करोड़ रह गया है।
भारी रेवेन्यू गिरावट और स्टॉक स्प्लिट का फैसला
कंपनी की एनुअल रिपोर्ट के मुताबिक, फाइनेंशियल ईयर 2025-26 में प्रदर्शन काफी कमजोर रहा है। कंपनी का रेवेन्यू पिछले साल के ₹200.98 करोड़ से गिरकर इस साल मात्र ₹25.97 करोड़ पर आ गया है। इसके साथ ही, नेट प्रॉफिट (Profit After Tax) भी ₹1.42 करोड़ से घटकर ₹73.12 लाख रह गया है।
स्टॉक स्प्लिट का गणित
लिक्विडिटी बढ़ाने और रिटेल निवेशकों के लिए शेयर को अफोर्डेबल बनाने के लिए बोर्ड ने 10:1 के स्टॉक स्प्लिट को मंजूरी दी है। इसके तहत ₹10 फेस वैल्यू वाले शेयर को ₹1 फेस वैल्यू वाले 10 शेयरों में बांटा जाएगा।
क्यों आई इतनी गिरावट?
मैनेजमेंट ने कारोबार में आई इस बड़ी गिरावट के लिए मिडिल ईस्ट में चल रहे तनाव और सप्लाई चेन में आई रुकावटों को जिम्मेदार ठहराया है। साथ ही, करेंसी के कमजोर होने का असर भी कंपनी की ट्रेडिंग एक्टिविटी पर पड़ा है।
निवेशकों के लिए अहम रिस्क
निवेशकों को इन बातों पर नजर रखनी चाहिए:
- अनयूटिलाइज्ड फंड: जनवरी 2026 के प्रेफरेंशियल इश्यू से मिले पैसों में से ₹13.84 करोड़ अभी भी इस्तेमाल नहीं हुए हैं।
- अनुपालन में देरी: कंपनी को हाल ही में लिस्टिंग कंप्लायंस में देरी के चलते ₹1.20 लाख का जुर्माना भी भरना पड़ा है।
- बोर्ड में बदलाव: बोर्ड में हाल ही में हुए इस्तीफों और नई नियुक्तियों के बाद आने वाले फैसलों पर बाजार की नजर बनी रहेगी।
अगले कदम के तौर पर, निवेशकों को अब स्टॉक स्प्लिट के लिए 'रिकॉर्ड डेट' के ऐलान का इंतजार करना चाहिए।
