Bajel Projects Ltd ने अपनी सहयोगी कंपनी AnantGrid Projects One Private Limited के साथ बड़े ट्रांजैक्शन के लिए पोस्टल बैलेट प्रक्रिया शुरू की है। इस डील की कुल वैल्यू **₹1,945 करोड़** तय की गई है।
क्या है पूरा मामला?
Bajel Projects Ltd ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए पोस्टल बैलेट के जरिए अपने शेयरधारकों से मंजूरी मांगी है। यह मंजूरी मुख्य रूप से 'रिलेटेड पार्टी ट्रांजैक्शंस' के लिए है। कंपनी AnantGrid Projects One Private Limited (AGPOPL) के साथ मिलकर पावर ट्रांसमिशन प्रोजेक्ट्स के लिए इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट और कंस्ट्रक्शन (EPC) सेवाएं प्रदान करेगी। बता दें कि Bajel Projects की इसमें 26% हिस्सेदारी है, जबकि बाकी 74% हिस्सा NIIF (National Investment and Infrastructure Fund) के पास है।
सौदे का गणित (Financial Outlay)
इस ₹1,945 करोड़ के ट्रांजैक्शन में कई कैटेगरी शामिल हैं:
- गुड्स और सर्विसेज की बिक्री के लिए: ₹1,535 करोड़
- गारंटी के लिए: ₹300 करोड़
- इन्वेस्टमेंट के लिए: ₹100 करोड़
- इंटर-कॉर्पोरेट डिपॉजिट के लिए: ₹10 करोड़
रिमोट ई-वोटिंग की सुविधा 5 सितंबर, 2026 से शुरू होकर 4 अक्टूबर, 2026 तक चलेगी।
कंप्लायंस और रणनीति
SEBI के नियमों के मुताबिक, यह ट्रांजैक्शन मटेरियल थ्रेशोल्ड (₹279.16 करोड़) से अधिक है, इसलिए शेयरधारकों की अनुमति अनिवार्य है। कंपनी का मानना है कि यह कदम साल 2030 तक भारत के 500 GW रिन्यूएबल एनर्जी टारगेट को पूरा करने की दिशा में एक बड़ी भूमिका निभाएगा। पारदर्शिता बनाए रखने के लिए, संबंधित पक्षों (Related Parties) को इस वोटिंग प्रक्रिया से दूर रखा गया है।
