BLS E-Services के शेयर हुए 'स्प्लिट'! रेवेन्यू में 115% की बंपर ग्रोथ, डिविडेंड का भी ऐलान

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AuthorAditi Chauhan|Published at:
BLS E-Services के शेयर हुए 'स्प्लिट'! रेवेन्यू में 115% की बंपर ग्रोथ, डिविडेंड का भी ऐलान

BLS E-Services ने FY26 में शानदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का रेवेन्यू 115% बढ़कर ₹1,142.8 करोड़ हो गया है। इसके साथ ही, कंपनी ने 2-के-लिए-1 शेयर स्प्लिट का प्रस्ताव दिया है और ₹0.50 प्रति शेयर के फाइनल डिविडेंड की सिफारिश की है।

BLS E-Services ने FY26 में दर्ज की धांसू ग्रोथ, रेवेन्यू ₹1,142.8 करोड़ पहुंचा

BLS E-Services Limited ने वितीय साल 2025-26 के नतीजे जारी कर दिए हैं, जिसमें कंपनी ने जबरदस्त परफॉर्मेंस दिखाई है। कंसोलिडेटेड रेवेन्यू में पिछले साल के मुकाबले 115.2% की बड़ी बढ़ोतरी हुई है, जो ₹1,142.8 करोड़ पर पहुंच गया है। कंपनी ने शेयरधारकों को खुश करते हुए 2-के-लिए-1 शेयर स्प्लिट का भी प्रस्ताव रखा है, यानी हर ₹10 का शेयर अब ₹5 के 2 शेयरों में बंट जाएगा (शेयरधारकों की मंजूरी पर निर्भर)।

इसके अलावा, कंपनी ने ₹0.50 प्रति इक्विटी शेयर के फाइनल डिविडेंड की सिफारिश की है। इस दौरान, जुलाई 2026 में Atyati Technologies में 100% हिस्सेदारी का अधिग्रहण भी पूरा हुआ है, जो कंपनी के डिजिटल सर्विस पोर्टफोलियो को और मजबूत करेगा।

क्यों है ये खबर अहम?

यह शानदार वित्तीय प्रदर्शन और प्रस्तावित शेयर स्प्लिट शेयरधारकों के लिए वैल्यू बढ़ाने और स्टॉक की लिक्विडिटी (तरलता) को बेहतर बनाने का लक्ष्य रखते हैं। Atyati Technologies का अधिग्रहण कंपनी की डिजिटल सेवाओं को बढ़ावा देगा, वहीं डिविडेंड का ऐलान भविष्य की कमाई को लेकर मैनेजमेंट के भरोसे को दिखाता है।

कंपनी का बैकग्राउंड

BLS E-Services बिजनेस कॉरेस्पोंडेंट सर्विसेज, लोन डिस्बर्समेंट और ई-गवर्नेंस जैसे क्षेत्रों में काम करती है। कंपनी के पास 45,800 से अधिक बिजनेस कॉरेस्पोंडेंट कस्टमर सर्विस पॉइंट्स (CSPs) का विशाल नेटवर्क है और FY26 में 130 मिलियन से अधिक ट्रांजैक्शन प्रोसेस किए। कंपनी ने ₹36,800+ करोड़ के लोन डिस्बर्समेंट में मदद की, जो कि Aadifidelis Solutions के कंसोलिडेशन से 213.8% बढ़ा है।

अब आगे क्या?

प्रस्तावित फाइनल डिविडेंड को एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में शेयरधारकों की मंजूरी मिलेगी। शेयर स्प्लिट के बाद, कुल शेयरों की संख्या बढ़ेगी, जिससे छोटे निवेशकों के लिए शेयर खरीदना आसान हो सकता है और ट्रेडिंग लिक्विडिटी में सुधार हो सकता है। Atyati Technologies का इंटीग्रेशन अभी चल रहा है।

जोखिम पर नजर

FY26 में EBITDA मार्जिन घटकर 8.7% रह गया, जो FY25 में 15.8% था। मैनेजमेंट का कहना है कि यह बदलाव हाई-वॉल्यूम, लो-मार्जिन वाले लोन डिस्बर्समेंट सेवाओं की ओर रणनीतिक बदलाव के कारण हुआ है। कंपनी वित्तीय सेवाओं और सरकारी साझेदारियों में नियामकीय जोखिमों का सामना करती है, साथ ही कॉन्ट्रैक्ट रिन्यूअल को लेकर अनिश्चितताएं भी हैं। कंपनी का काफी रेवेन्यू सिर्फ दो मुख्य ग्राहकों पर निर्भर करता है।

खास मेट्रिक्स

FY26 के लिए कंसोलिडेटेड टोटल इनकम ₹1,142.8 करोड़ रही, जो FY25 के ₹545.0 करोड़ की तुलना में 109.7% अधिक है। FY26 के लिए प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) ₹69.3 करोड़ रहा, जो पिछले साल से 17.8% बढ़ा है। कंपनी ने 31 मार्च 2026 तक ₹400 करोड़ से अधिक की नेट कैश पोजीशन की सूचना दी है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.