BCC Fuba India ने सितंबर तिमाही के लिए अपने दमदार वित्तीय नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का रेवेन्यू **74%** बढ़कर **₹29.58 करोड़** पर पहुंच गया है, जबकि नेट प्रॉफिट में **150%** की जोरदार उछाल दर्ज की गई है।
दमदार प्रदर्शन की मुख्य वजहें
कंपनी ने सितंबर 2026 को समाप्त तिमाही के लिए अपने अनऑडिटेड नतीजे जारी किए हैं। पिछले साल की समान अवधि के ₹17.01 करोड़ के मुकाबले इस बार कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ₹29.58 करोड़ रहा है। कंपनी का नेट प्रॉफिट ₹1.45 करोड़ से बढ़कर ₹3.62 करोड़ हो गया है, और बेसिक EPS में भी 105% से अधिक का उछाल देखने को मिला है, जो अब ₹1.95 हो गया है।
बिजनेस सेगमेंट का हाल
ग्रोथ का मुख्य इंजन कंपनी का प्रिंटेड सर्किट बोर्ड्स (PCB) सेगमेंट रहा है। इस सेगमेंट ने ₹29.42 करोड़ के रेवेन्यू पर ₹5.64 करोड़ का मुनाफा कमाया है, जो कंपनी के बेहतर मार्जिन को दर्शाता है। साथ ही, मार्च 2026 में आए इक्विटी शेयर ऑफर से मिले फंड का इस्तेमाल कंपनी अपनी योजनाओं के मुताबिक ही कर रही है।
कहाँ है जोखिम (Risk Alert)
कंपनी के लिए 'इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग सर्विसेज' (EMS) सेगमेंट अभी भी चिंता का विषय बना हुआ है। हालांकि इसका रेवेन्यू योगदान केवल ₹0.16 करोड़ है, लेकिन इस सेगमेंट ने तिमाही में ₹0.52 करोड़ का नुकसान दर्ज किया है। अगर इस घाटे को जल्द काबू नहीं किया गया, तो आने वाले समय में यह कंपनी के कुल मुनाफे पर दबाव डाल सकता है।
आगे क्या?
निवेशकों को अब मैनेजमेंट की कमेंट्री पर नजर रखनी चाहिए कि वे EMS सेगमेंट को लेकर क्या रणनीति अपनाते हैं। क्या कंपनी इसे बंद करेगी या इसमें कोई बदलाव लाएगी? साथ ही, PCB सेगमेंट में मांग की मौजूदा रफ्तार आगे भी बरकरार रहती है या नहीं, यह देखना अहम होगा।
