FY26 के नतीजों में Atharva Poly-Plast ने शानदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का रेवेन्यू **14.43%** बढ़कर **₹54.39 करोड़** रहा, जबकि नेट प्रॉफिट **27.46%** की उछाल के साथ **₹6.47 करोड़** के स्तर पर पहुंच गया है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर एक नजर
जुलाई 2026 में BSE पर लिस्ट होने के बाद, कंपनी का यह पहला एनुअल फाइनेंशियल डिस्क्लोजर है। कंपनी का EBITDA 23.7% की सालाना बढ़त के साथ ₹11.25 करोड़ रहा। वहीं, कंपनी का PAT मार्जिन पिछले साल के 10.34% से बढ़कर 11.57% पर पहुंच गया है, और EPS ₹5.24 दर्ज किया गया है।
भविष्य की रणनीति (Business Strategy)
कंपनी अब डिजाइन-टू-मैन्युफैक्चरिंग मॉडल की ओर शिफ्ट हो रही है, जिससे ऑटोमोटिव और फर्नीचर सेक्टर में अपनी पकड़ मजबूत की जा सके। मैनेजमेंट ने ग्रोथ के लिए तीन मुख्य पिलर तय किए हैं:
- प्रीमियमाइजेशन: जटिल इंजीनियर कंपोनेंट्स पर जोर।
- लोकलाइजेशन: इम्पोर्टेड पुर्जों की जगह स्वदेशी विकल्प देना।
- ग्लोबलाइजेशन: भारतीय मैन्युफैक्चरिंग क्षमता के दम पर एक्सपोर्ट मार्केट में विस्तार।
कंपनी के पास 5.5 एकड़ की साइट है, जिसमें से अभी केवल 40,000 वर्ग फुट का इस्तेमाल हो रहा है, जो भविष्य में बड़े विस्तार की गुंजाइश दिखाता है।
गवर्नेंस और बोर्ड अपडेट
कंपनी की 13वीं AGM 24 सितंबर, 2026 को तय की गई है। बोर्ड ने CFO और डायरेक्टर आशीष शिवाजी दरडे की फिर से नियुक्ति की सिफारिश की है। ऑडिटर्स M/s. P R A S S & Associates LLP ने अपनी रिपोर्ट में किसी भी तरह की गड़बड़ी या आपत्ति नहीं जताई है।
निवेशकों के लिए जोखिम
कंपनी अभी अपने पब्लिक मार्केट सफर की शुरुआत में है। ऐसे में निवेशक कंपनी की वर्किंग कैपिटल मैनेजमेंट और ग्लोबलाइजेशन रणनीति के एग्जीक्यूशन पर नजर बनाए रखें।
