Aro Granite Industries को अपने शेयरधारकों से बड़ा समर्थन मिला है। कंपनी ने पोस्टल बैलट के जरिए जयपुर यूनिट की स्लम सेल (Slump Sale) और अमेरिका स्थित सब्सिडियरी के साथ ट्रांजैक्शन को मंजूरी दे दी है।
भारी बहुमत से पास हुए प्रस्ताव
कंपनी ने 20 अक्टूबर, 2026 को अपनी पोस्टल बैलट प्रक्रिया पूरी की। निवेशकों ने कंपनी के भविष्य के लिए दो बड़े फैसलों पर अपनी सहमति की मुहर लगा दी है।
- जयपुर यूनिट की स्लम सेल: इस प्रस्ताव के पक्ष में 98.49% यानी 6,42,967 वोट पड़े, जबकि विरोध में केवल 9,864 वोट आए।
- अमेरिकी यूनिट के साथ ट्रांजैक्शन: Aro Granite International INC के साथ संबंधित पार्टी ट्रांजैक्शन (RPT) को भी 98.49% वोटों के साथ मंजूरी मिल गई है।
क्यों अहम है यह बदलाव?
यह कदम कंपनी की रणनीतिक रीस्ट्रक्चरिंग का हिस्सा है। जयपुर यूनिट को बेचने के पीछे मुख्य मकसद कंपनी के ऑपरेशंस को स्ट्रीमलाइन करना और एफिशिएंसी बढ़ाना है। वहीं, अमेरिका की सहायक कंपनी के साथ ट्रांजैक्शन को मंजूरी मिलने से यह सुनिश्चित हो गया है कि कंपनी के कमर्शियल समझौते SEBI के नियमों और कॉर्पोरेट गवर्नेंस मानकों के पूरी तरह अनुरूप हैं।
आगे क्या रखें नजर?
निवेशकों को अब कंपनी की अगली एक्सचेंज फाइलिंग पर ध्यान देना चाहिए, जिसमें जयपुर यूनिट की बिक्री की अंतिम कीमत (Consideration Amount) और बैलेंस शीट पर पड़ने वाले असर की विस्तृत जानकारी दी जाएगी। इस फैसले के बाद कंपनी के बिजनेस मॉडल में आने वाले बदलावों पर नजर रखना जरूरी होगा।
