Amber Enterprises India ने Oppo Mobiles के साथ एक बड़ी डील साइन की है। इस पार्टनरशिप के तहत कंपनी अब Oppo, OnePlus और Realme ब्रांड्स के स्मार्टफोन्स का निर्माण करेगी। यह कदम कम कैपेक्स (Capex) के साथ उठाया गया है और पहले साल में **80 लाख** यूनिट्स बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
Amber Enterprises का मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग में कदम
Amber Enterprises India, Oppo Mobiles India Private Limited के साथ मिलकर Oppo, OnePlus और Realme जैसे बड़े ब्रांड्स के लिए मोबाइल डिवाइस बनाने जा रही है। यह स्मार्टफोन्स के हाई-वॉल्यूम सेगमेंट में कंपनी का रणनीतिक प्रवेश है, जिसे सब-लीज (Sub-lease) अरेंजमेंट के जरिए 'एसेट-लाइट' मॉडल पर चलाया जाएगा।
क्यों है ये बड़ी खबर?
मोबाइल फोन के विशाल बाजार में यह कदम Amber Enterprises के लिए विकास का एक नया रास्ता खोलेगा, जिससे कंपनी अपने मौजूदा बिजनेस साइकिल्स पर निर्भरता कम कर सकेगी। 'एसेट-लाइट' मॉडल अपनाने से वित्तीय जोखिम कम होगा, जबकि उत्पादन की बड़ी मात्रा हासिल करने का लक्ष्य है।
कंपनी की पुरानी कहानी
ऐतिहासिक रूप से, Amber Enterprises India एयर कंडीशनर्स, कंपोनेंट्स और ऑटोमोटिव पार्ट्स के निर्माण पर फोकस करती रही है। इस सहयोग से कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग में कंपनी का महत्वपूर्ण विस्तार हुआ है।
अब क्या बदलेगा?
कंपनी वित्त वर्ष 2028 (FY '28) में 80 लाख यूनिट्स के उत्पादन का लक्ष्य लेकर चल रही है, और दूसरे साल तक इसे बढ़ाकर 1.3 से 1.5 करोड़ यूनिट्स तक ले जाने की योजना है। शुरुआती कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capital Expenditure) ₹50 करोड़ से कम रहने का अनुमान है, जबकि वर्किंग कैपिटल साइकिल (Working Capital Cycle) सिर्फ 4 से 10 दिनों का होगा। कंपनी को उम्मीद है कि उसका PCB डिवीजन स्टैंडअलोन ROCE पर 30-35% हासिल करेगा।
जोखिम पर भी डालें नज़र
मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग में आमतौर पर EBITDA मार्जिन्स कम (अनुमानित 1.5% से 2%) होते हैं। इसके अलावा, 3 महीने का लर्निंग कर्व (Learning Curve) हो सकता है। भविष्य की प्रॉफिटेबिलिटी 5-6 सालों में हायर वैल्यू-एडेड मैन्युफैक्चरिंग में ट्रांजिशन (Transition) करने पर निर्भर करेगी।
