Aditya Infotech ने FY26 में दर्ज की ज़बरदस्त रेवेन्यू ग्रोथ
Aditya Infotech Limited ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए वित्तीय वर्ष के लिए अपने ऑडिटेड वित्तीय नतीजे पेश किए हैं। कंपनी ने ₹4,220.81 करोड़ का कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू हासिल किया है, जो पिछले साल की तुलना में 35.6% की ज़बरदस्त बढ़ोतरी दिखाता है। वहीं, कंसॉलिडेटेड नेट प्रॉफिट में 4.7% की मामूली बढ़ोतरी हुई और यह ₹367.96 करोड़ रहा।
वित्तीय वर्ष के लिए रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशंस ₹4,220.81 करोड़ रहा, जबकि FY25 में यह ₹3,111.87 करोड़ था। टैक्स के बाद का मुनाफा बढ़कर ₹367.96 करोड़ हो गया, जो पिछले साल ₹351.37 करोड़ था। हालांकि, बेसिक अर्निंग्स पर शेयर (EPS) FY26 के लिए ₹32.05 रहा, जो FY25 के ₹33.02 से थोड़ा कम है।
यह क्यों मायने रखता है?
रेवेन्यू में यह मजबूत ग्रोथ कंपनी की सफल मार्केट डिमांड और विस्तार की रणनीतियों को दर्शाती है। शेयरधारकों को ₹1.64 प्रति इक्विटी शेयर का सुझाया गया डिविडेंड, वैल्यू वापस करने की कंपनी की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। हालांकि, कस्टम ड्यूटी लिटिगेशन से संभावित देनदारियों और नोएडा लैंड प्रोजेक्ट में देरी पर कड़ी नज़र रखने की ज़रूरत है।
पिछली परफॉर्मेंस
पिछले वित्तीय वर्ष, FY25 में, Aditya Infotech ने ₹3,111.87 करोड़ का रेवेन्यू और ₹351.37 करोड़ का नेट प्रॉफिट दर्ज किया था। FY25 के लिए बेसिक EPS ₹33.02 था। कंपनी अंतरराष्ट्रीय विस्तार और नए ज्वाइंट वेंचर्स सहित रणनीतिक पहलों पर काम कर रही है।
आगे क्या?
शेयरधारक एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में फाइनल डिविडेंड के प्रस्ताव पर विचार करेंगे। कंपनी का ताइवान सब्सिडियरी के माध्यम से R&D पर फोकस और इलेक्ट्रिक केबल के लिए एक नए ज्वाइंट वेंचर से भविष्य में ग्रोथ की उम्मीद है। मैनेजमेंट को कस्टम ड्यूटी की मांग को निपटाना होगा और नोएडा लैंड प्रोजेक्ट के मुद्दों को सुलझाना होगा।
मुख्य जोखिम (Key Risks)
कंपनी ₹10.33 करोड़ की डिफरेंशियल कस्टम ड्यूटी की मांग और ₹30.86 करोड़ के जुर्माने के जोखिम का सामना कर रही है। इसके अलावा, बाहरी कारकों के कारण नोएडा लैंड प्रोजेक्ट में देरी भविष्य के इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट को प्रभावित कर सकती है।
परफॉर्मेंस मेट्रिक्स (FY26 vs. FY25)
- रेवेन्यू ग्रोथ: +35.6%
- प्रॉफिट ग्रोथ: +4.7%
- डिविडेंड: ₹1.64 प्रति इक्विटी शेयर प्रस्तावित
मुख्य तारीखें और डेवलपमेंट
- कस्टम ड्यूटी डिमांड: 13 जनवरी, 2026 को ऑर्डर मिला
- ताइवान सब्सिडियरी: 2 फरवरी, 2026 को शामिल किया गया
- इलेक्ट्रिक केबल ज्वाइंट वेंचर एग्रीमेंट: 16 अप्रैल, 2026
क्या देखना है?
निवेशकों को CESTAT में कस्टम ड्यूटी अपील के नतीजे पर नज़र रखनी चाहिए। नोएडा लैंड के लिए एक्सटेंशन और कंप्लीशन सर्टिफिकेट प्राप्त करने की प्रगति भी महत्वपूर्ण है। नई ताइवान सब्सिडियरी और इलेक्ट्रिक केबल ज्वाइंट वेंचर का प्रदर्शन भविष्य की ग्रोथ के लिए महत्वपूर्ण संकेतक होंगे।
