AVI Polymers ने H1 में शानदार रेवेन्यू और नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, लेकिन ऑडिटर की 'Emphasis of Matter' रिपोर्ट ने कंपनी के अनकन्फर्म्ड ट्रेड बैलेंस और लोन पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
आंकड़ों की बाजीगरी
कंपनी के हालिया नतीजों पर नजर डालें तो ग्रोथ काफी दमदार रही है। H1 में कंपनी का रेवेन्यू उछलकर ₹103.58 करोड़ पर पहुंच गया है, जो पिछले साल की इसी अवधि में ₹29.50 करोड़ था। वहीं, कंपनी का नेट प्रॉफिट भी ₹2.29 करोड़ से बढ़कर ₹6.02 करोड़ हो गया है।
ऑडिटर की चेतावनी (Auditor’s Red Flag)
नतीजों के साथ ही कंपनी के ऑडिटर 'Kapil Kumar Agarwal & Associates' ने 'Limited Review Report' में 'Emphasis of Matter' क्लॉज जोड़ा है। इसमें साफ कहा गया है कि कंपनी के 'ट्रेड रिसीवेबल्स', 'ट्रेड पेयेबल्स', 'लोन' और 'एडवांसेज' की अभी तक पूरी तरह पुष्टि (reconciliation) नहीं हो पाई है। ऑडिटर का कहना है कि अगर इन बैलेंस में कोई भी सुधार (adjustments) करना पड़ा, तो इसका असर फाइनेंशियल नतीजों पर पड़ सकता है।
नए बिजनेस में कदम
इन खबरों के बीच, कंपनी अपने पोर्टफोलियो को डायवर्सिफाई करने में जुटी है। कंपनी ने हाल ही में तीन नई सब्सिडियरी कंपनियां शुरू की हैं: Avi Eco Spark Pvt Ltd, Avi Waste Management Pvt Ltd और Avi AI Technologies Pvt Ltd।
आगे क्या?
निवेशकों के लिए सलाह है कि वे आने वाली तिमाहियों के फाइल्स पर नजर रखें। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि क्या कंपनी अपने पेंडिंग रिकॉन्सिलिएशन को पूरा कर पाती है या नहीं। किसी भी तरह का मटेरियल एडजस्टमेंट कंपनी के भविष्य के प्रॉफिट को प्रभावित कर सकता है।
