Vishal Fabrics ने पेश किए FY26 के ऑडिटेड नतीजे
Vishal Fabrics Limited ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर के लिए अपने ऑडिटेड वित्तीय नतीजे घोषित किए हैं। कंपनी ने ₹1,60,210.98 लाख (₹1,602.11 करोड़) के रेवेन्यू पर ₹3,217.76 लाख (₹32.18 करोड़) का स्टैंडअलोन प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) दर्ज किया है।
कंसॉलिडेटेड (Consolidated) नतीजों की बात करें तो कंपनी ने ₹1,51,983.40 लाख (₹1,519.83 करोड़) के कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू पर ₹2,901.04 लाख (₹29.01 करोड़) का PAT कमाया है।
गवर्नेंस और कंप्लायंस (Compliance) में मजबूती
कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने कॉस्ट ऑडिटर (Cost Auditor) और इंटरनल ऑडिटर (Internal Auditor) की पुनः नियुक्ति को भी मंजूरी दे दी है। इसके अलावा, मिस्टर सुशांता कुमार पांडा को 1 जून, 2026 से 31 मई, 2031 तक दूसरे टर्म के लिए इंडिपेंडेंट डायरेक्टर (Independent Director) के रूप में फिर से नियुक्त किया गया है। Vishal Fabrics ने अनपब्लिश्ड प्राइस-सेंसिटिव इन्फॉर्मेशन (UPSI) के फेयर डिस्क्लोजर (Fair Disclosure) के लिए एक कोड भी अपनाया है, जिससे SEBI के नियमों का अनुपालन मजबूत हुआ है और निवेशकों का भरोसा बढ़ा है।
अनिश्चितताओं के बीच भविष्य की राह
हालांकि ऑडिटेड नतीजे FY26 के प्रदर्शन की पुष्टि करते हैं, कंपनी नए कंसॉलिडेटेड लेबर कोड्स के वित्तीय प्रभावों का आकलन कर रही है, जो 25 नवंबर, 2025 से प्रभावी होंगे। इसका पूरा असर अभी तय नहीं है, और FY26 के नतीजों में कोई समायोजन नहीं किया गया है। यह जारी मूल्यांकन एक प्रमुख जोखिम (Risk) प्रस्तुत करता है जो भविष्य के कर्मचारी लाभ लागत (Employee Benefit Costs) और समग्र लाभप्रदता (Profitability) को प्रभावित कर सकता है।
निवेशक एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) की तारीख की घोषणा और डायरेक्टर्स की पुनः नियुक्ति के लिए शेयरधारकों की मंजूरी के नतीजों पर नजर रखेंगे। नए लेबर कोड्स के वित्तीय प्रभाव के आकलन पर आगे के अपडेट भी महत्वपूर्ण होंगे।
