Zenlabs Ethica का बुरा दौर: NBFC लाइसेंस रद्द होने से हुआ भारी नुकसान

HEALTHCAREBIOTECH
Whalesbook Corporate News Logo
AuthorKaran Malhotra|Published at:
Zenlabs Ethica का बुरा दौर: NBFC लाइसेंस रद्द होने से हुआ भारी नुकसान

Zenlabs Ethica के लिए फाइनेंशियल ईयर **FY26** चुनौतीपूर्ण रहा है। कंपनी ने **₹193.56 लाख** का नेट लॉस रिपोर्ट किया है, जिसका मुख्य कारण RBI द्वारा NBFC लाइसेंस रद्द करना है। राहत की बात यह है कि सेल्स बढ़ाने के लिए कंपनी ने V Nexxtra Lifesciences के साथ एक नया करार किया है।

फाइनेंशियल परफॉरमेंस में गिरावट

कंपनी ने अपनी 33वीं सालाना रिपोर्ट जारी की है, जिसमें मुनाफे से सीधे नुकसान की ओर रुख देखने को मिला है। कंपनी की कुल आय घटकर ₹4,710.66 लाख रह गई, जो पिछले फाइनेंशियल ईयर में ₹5,147.05 लाख थी। इस नुकसान के पीछे सबसे बड़ी वजह ₹207.81 लाख का एक्सेप्शनल राइट-ऑफ (Exceptional write-off) है।

क्यों रद्द हुआ लाइसेंस?

यह सारा संकट 7 नवंबर, 2025 को रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) के एक सख्त आदेश के बाद शुरू हुआ। रेगुलेटर द्वारा NBFC रजिस्ट्रेशन रद्द करने के बाद कंपनी को अपने फाइनेंशियल ऑपरेशन्स पूरी तरह बंद करने पड़े, जिससे बैलेंस शीट पर गहरा असर पड़ा है।

रिकवरी का नया प्लान

हालात सुधारने के लिए Zenlabs Ethica ने 8 अगस्त, 2026 को V Nexxtra Lifesciences के साथ एक स्ट्रैटेजिक डील साइन की है। इसके तहत, V Nexxtra अब कंपनी के सभी प्रोडक्ट्स की एक्सक्लूसिव डिस्ट्रीब्यूटर होगी। मैनेजमेंट अब कॉस्ट कटिंग और मार्जिन बढ़ाने पर पूरा जोर दे रहा है।

निवेशकों के लिए चेतावनी

ऑडिट रिपोर्ट में गवर्नेंस को लेकर कुछ चिंताएं जताई गई हैं, जिनमें इंडिपेंडेंट डायरेक्टर्स की नियुक्ति और SEBI के डिस्क्लोजर नियमों का पालन न करना शामिल है। निवेशकों को सलाह दी जाती है कि वे कंपनी के गवर्नेंस सुधारों और नई सेल्स स्ट्रैटेजी के नतीजों पर पैनी नजर रखें।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.