Yatharth Hospital & Trauma Care ने Q2FY27 में **52%** की जबरदस्त सालाना रेवेन्यू ग्रोथ दर्ज की है। साथ ही, कंपनी ने Advent International की सहयोगी कंपनी को **24.9%** हिस्सेदारी बेचने का बड़ा फैसला लिया है, हालांकि **₹650 करोड़** से ज्यादा का टैक्स विवाद निवेशकों के लिए चिंता का सबब बना हुआ है।
मुनाफे में उछाल और नई साझेदारी
Yatharth Hospital & Trauma Care के नतीजों की बात करें तो कंपनी का रेवेन्यू Q2FY27 में बढ़कर ₹4,314.20 मिलियन हो गया है, जो कि Q2FY25 में ₹2,830.14 मिलियन था। कंपनी का नेट प्रॉफिट भी पिछले साल की समान तिमाही के ₹412.02 मिलियन से बढ़कर ₹505.87 मिलियन पर पहुंच गया है। इस ग्रोथ के साथ-साथ, कंपनी ने Rasmalai Limited (Advent International की सहयोगी) के साथ 24.9% इक्विटी हिस्सेदारी बेचने का एग्रीमेंट साइन किया है, जिसे शेयरहोल्डर्स ने 15 अक्टूबर, 2026 को मंजूरी दे दी है।
क्यों है यह डील अहम?
प्राइवेट इक्विटी दिग्गज Advent International की एंट्री कंपनी के एक्सपेंशन प्लान पर बड़ा भरोसा जताती है। 52% की रेवेन्यू ग्रोथ यह दिखाती है कि कंपनी की हॉस्पिटल चेन में मांग काफी मजबूत है।
निवेशकों के लिए चेतावनी (Risk Factor)
इस तेजी के बीच एक बड़ा रिस्क टैक्स लिटिगेशन का है। ग्रुप पर ₹650 मिलियन से अधिक का इनकम टैक्स डिमांड का मामला चल रहा है, जो वित्त वर्ष 2014-15 से 2024-25 तक फैला है। इसमें AKS Medical & Research Centre और Ramraja Multispeciality Hospital जैसी सब्सिडियरीज भी शामिल हैं। कंपनी ने अभी तक इसके लिए कोई प्रोविजन नहीं किया है, क्योंकि उन्हें कानूनी अपील में राहत की उम्मीद है।
आगे क्या?
निवेशकों को अब रेगुलेटरी अप्रूवल और CIT (Appeals) में टैक्स विवादों पर आने वाले फैसलों पर नजर रखनी चाहिए। इसके अलावा, कंपनी ने हाल ही में 227,693 एम्प्लॉई स्टॉक ऑप्शंस जारी किए हैं, जो टैलेंट रिटेंशन की दिशा में एक कदम है।
