Syrma SGS Technology ने राजस्थान के जोधपुर में अपनी सब्सिडियरी Syrma Johri MedTech Limited के जरिए एक बड़ा प्लांट शुरू किया है। **120,000** स्क्वायर फीट की यह नई यूनिट मेडिकल प्लास्टिक और प्रिसिजन मोल्डिंग के लिए तैयार की गई है।
नई फैसिलिटी की ताकत
जोधपुर में शुरू हुआ यह प्लांट मेडिकल सेक्टर के लिए गेम-चेंजर साबित हो सकता है। कंपनी ने यहाँ इंजेक्शन, एक्सट्रूजन और ब्लो मोल्डिंग जैसी एडवांस टेक्नोलॉजी लगाई है। इसका मुख्य फोकस डायग्नोस्टिक ट्यूबिंग और सर्जिकल कंपोनेंट्स के हाई-प्रिसिजन प्रोडक्शन पर है। यह प्लांट अब कंपनी के ग्लोबल नेटवर्क का हिस्सा बन गया है, जिसके साथ ही ग्रुप के पास अब कुल 17 प्रोडक्शन साइट्स हो गई हैं।
क्यों है यह स्ट्रैटेजिक कदम?
Syrma SGS अब धीरे-धीरे वैल्यू चेन में ऊपर की ओर बढ़ रही है। CDMO (कॉन्ट्रैक्ट डिजाइन एंड मैन्युफैक्चरिंग ऑर्गेनाइजेशन) के तौर पर कंपनी अब क्लाइंट्स को डिजाइन से लेकर फाइनल असेंबली तक की सर्विस एक ही छत के नीचे दे सकेगी। इससे कंपनी के हाई-मार्जिन मेडिकल डिवाइस पोर्टफोलियो को मजबूती मिलेगी।
निवेशकों के लिए 'वॉचआउट' (Risks to watch)
कंपनी के लिए अब असली चुनौती इस नई फैसिलिटी की कैपेसिटी को जल्द से जल्द ऑप्टिमाइज करने की है। निवेशकों की नजर इस बात पर होनी चाहिए कि कंपनी कितनी जल्दी इस प्लांट के लिए क्लाइंट सर्टिफिकेशन हासिल करती है। प्रोजेक्ट पर खर्च किए गए कैपिटल पर रिटर्न कब तक आता है, यह कंपनी की अगली अर्निंग कॉल्स में साफ हो जाएगा।
