Supriya Lifescience ने फाइनेंशियल ईयर **2026** में अब तक का सबसे बेहतरीन प्रदर्शन किया है। कंपनी का रेवेन्यू सालाना आधार पर **18.9%** बढ़कर **₹827.9 करोड़** के स्तर पर पहुंच गया है, साथ ही कंपनी ने प्रति शेयर **₹1** का डिविडेंड भी घोषित किया है।
मुनाफे में बड़ी उछाल
कंपनी का नेट प्रॉफिट 11.2% बढ़कर ₹209.1 करोड़ रहा है। इस शानदार परफॉर्मेंस के पीछे अंबरनाथ (Ambernath) में CMO फैसिलिटी का कमर्शियलाइजेशन और लोटे परशुराम (Lote Parshuram) में रिएक्टर क्षमता का बढ़कर 932 KLPD होना मुख्य वजहें हैं।
भविष्य की रणनीति (Management Vision)
मैनेजमेंट ने फाइनेंशियल ईयर 2027 के लिए ₹1,000 करोड़ का रेवेन्यू हासिल करने का बड़ा लक्ष्य रखा है। Lisdexamfetamine और Sevoflurane जैसे नए और हाई-वैल्यू प्रोडक्ट्स पर फोकस कंपनी को नई ऊंचाई पर ले जा रहा है। इसके अलावा, हाल ही में सफल हुई USFDA इंस्पेक्शन ने ग्लोबल मार्केट में कंपनी की साख और मजबूत कर दी है।
निवेशकों के लिए जरूरी सतर्कता
हालांकि ग्रोथ की रफ्तार तेज है, लेकिन कंपनी ने सप्लाय-चेन में बाधा और कच्चे माल (Raw material) की कीमतों में उतार-चढ़ाव की चुनौती का जिक्र किया है। साथ ही, नई मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स को अपनी पूरी क्षमता (Peak utilization) तक पहुंचने में आमतौर पर 3 साल का समय लगता है, जिससे शुरुआती दौर में मार्जिन पर कुछ दबाव देखने को मिल सकता है।
अब सबकी नजरें अंबरनाथ फैसिलिटी की क्षमता उपयोग पर रहेंगी, जो कंपनी के लॉन्ग-टर्म ग्रोथ का मुख्य स्तंभ साबित होगी।
