Norris Medicines Ltd ने अपनी 35वीं AGM **29 सितंबर, 2026** को बुलाई है। इस मीटिंग में Vimal D. Shah को MD बनाने और **₹50 करोड़** तक की उधारी या एसेट बेचने पर शेयरहोल्डर्स से मंजूरी मांगी जाएगी।
AGM का एजेंडा और वित्तीय स्थिति
Norris Medicines Ltd ने अपनी 35वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) का ऐलान कर दिया है, जो 29 सितंबर, 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए होगी। कंपनी ने Vimal D. Shah को 3 साल के लिए मैनेजिंग डायरेक्टर के तौर पर नियुक्त करने का प्रस्ताव रखा है, जिनका सालाना वेतन ₹24 लाख तक सीमित होगा। इसके अलावा, कंपनी अपनी वित्तीय स्थिति को बेहतर बनाने के लिए ₹50 करोड़ तक की उधारी और संपत्ति (assets) बेचने का अधिकार लेने की योजना बना रही है।
कंपनी की चुनौतियां
वित्तीय वर्ष FY26 में कंपनी का रेवेन्यू ₹8.13 करोड़ रहा, जबकि नेट लॉस ₹0.28 करोड़ पर आ गया (जो पिछले साल ₹1.24 करोड़ था)। हालाँकि, कंपनी की वर्किंग कैपिटल नेगेटिव ₹3.71 करोड़ है, जो कंपनी पर बढ़ते वित्तीय दबाव को दर्शाता है।
रिस्क फैक्टर और ऑडिट रिपोर्ट
ऑडिटर्स ने कंपनी की कार्यप्रणाली पर कई गंभीर सवाल उठाए हैं:
- ग्रेच्युटी देनदारियां: कंपनी ने ग्रेच्युटी के लिए कोई प्रोविजन नहीं बनाया है, जो कि Payment of Gratuity Act का उल्लंघन है।
- सॉफ्टवेयर की कमी: कंपनी का अकाउंटिंग सॉफ्टवेयर अभी तक कानूनी रूप से अनिवार्य 'ऑडिट ट्रेल' (audit trail) फीचर से लैस नहीं है।
- पेनल्टी: कंपनी पर पहले ही BSE द्वारा ₹24,780 का जुर्माना लगाया जा चुका है, जो शिकायतों के निपटारे में देरी के कारण हुआ था।
अब शेयरहोल्डर्स के वोट यह तय करेंगे कि कंपनी अपनी लिक्विडिटी को बचाने के लिए नए फंड्स जुटाने में कितनी सफल होती है और गवर्नेंस के मोर्चे पर क्या सुधार करती है।
