Modern Diagnostic & Research Centre के लिए FY 2026 मिला-जुला रहा। कंपनी का रेवेन्यू बढ़कर **₹8,311.06 लाख** हो गया है, लेकिन भारी निवेश के चलते नेट प्रॉफिट गिरकर **₹525.33 लाख** पर आ गया है।
मुनाफे में गिरावट की वजह
Modern Diagnostic & Research Centre Ltd (MDRC) ने अपने FY 2026 के नतीजों में टॉप-लाइन ग्रोथ तो दिखाई है, लेकिन कंपनी का बॉटम-लाइन दबाव में है। पिछले फाइनेंशियल ईयर के ₹900.79 लाख के मुकाबले, इस बार नेट प्रॉफिट घटकर ₹525.33 लाख रह गया है। वहीं, EBITDA मार्जिन भी पिछले साल के 24.00% से गिरकर 16.18% पर आ गया है।
क्यों नहीं मिला डिविडेंड?
जनवरी 2026 में IPO के बाद पहली बार पब्लिक कंपनी के तौर पर रिपोर्ट पेश करते हुए, मैनेजमेंट ने साफ किया है कि फिलहाल उनकी प्राथमिकता डिविडेंड बांटने के बजाय कैपिटल को बचाना है। यह फंड कंपनी अपने नए सेंटर्स खोलने और इन्फ्रास्ट्रक्चर को अपग्रेड करने में लगा रही है।
बड़े विस्तार की तैयारी
कंपनी ने अपने लैब नेटवर्क को बढ़ाकर 25 सेंटर्स कर दिया है और लक्ष्य 30 सेंटर्स तक पहुंचने का है। हरियाणा के बाहर अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए कंपनी उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ और लखनऊ में बड़े स्तर पर काम कर रही है। कंपनी ने अपनी तकनीक को भी अपडेट किया है, जिसके तहत सेक्टर 44 सेंटर को शिफ्ट कर वहां PET-CT और SPECT जैसी एडवांस इमेजिंग मशीनें लगाई गई हैं।
निवेशकों के लिए जोखिम और आउटलुक
मैनेजमेंट अब मार्जिन को सुधारने के लिए डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन और AI-आधारित डैशबोर्ड्स का सहारा ले रही है। हालांकि, रिटेल निवेशकों को इस बात पर नजर रखनी होगी कि नए सेंटर्स कंपनी के मार्जिन को पुरानी ऊंचाइयों पर कब तक ले जा पाते हैं। आने वाली तिमाहियों में लखनऊ और अलीगढ़ के सेंटर्स का प्रदर्शन कंपनी के भविष्य के लिए काफी अहम होगा।
