FY26 में Mercury Laboratories का प्रदर्शन शानदार रहा है। कंपनी का नेट प्रॉफिट **54%** बढ़कर **₹4.83 करोड़** पहुंच गया है। घरेलू बाजार में सुस्ती के बावजूद कंपनी ने एक्सपोर्ट के दम पर अपनी स्थिति मजबूत की है। साथ ही, कंपनी ने **₹3.50** प्रति शेयर डिविडेंड और जरोद में **₹30 करोड़** के नए इंजेक्टेबल प्लांट की घोषणा की है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस की बारीकियां
Mercury Laboratories ने अपनी 45वीं एनुअल रिपोर्ट में दमदार प्रदर्शन दिखाया है। कंपनी का ऑपरेशनल रेवेन्यू मामूली बढ़त के साथ ₹75.94 करोड़ रहा, लेकिन नेट प्रॉफिट में 53.71% की जबरदस्त छलांग देखी गई। कंपनी की अर्निंग पर शेयर (EPS) बढ़कर ₹40.28 पर पहुंच गई है।
एक्सपोर्ट का दम और नया निवेश
कंपनी ने घरेलू बिक्री में 5.61% की गिरावट को अपने एक्सपोर्ट बिजनेस से कवर किया है, जिसमें 18.62% की शानदार बढ़ोतरी दर्ज की गई। भविष्य की ग्रोथ के लिए कंपनी जरोद स्थित यूनिट-2 में ₹30 करोड़ का निवेश कर रही है, जिससे 75 मिलियन यूनिट्स की सालाना क्षमता जुड़ जाएगी।
कानूनी जोखिम और आगे की राह
हालांकि सब कुछ अच्छा दिख रहा है, लेकिन निवेशकों को कंपनी और NCLT के बीच चल रही कानूनी प्रक्रिया पर नजर रखनी चाहिए। यह मामला वित्त वर्ष 2014-15 और 2015-16 के अनुपालन (compliance) से जुड़ा है। कंपनी की 45वीं एनुअल जनरल मीटिंग 28 सितंबर, 2026 को आयोजित होने वाली है, जहां इन सभी पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की जाएगी।
