Fortis Healthcare: FY26 के नतीजे और भविष्य की योजनाएं
Fortis Healthcare ने मार्च 2026 में समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर के लिए दमदार नतीजे घोषित किए हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ₹9,128 करोड़ रहा, जो कि एक मजबूत वृद्धि दर्शाता है। इसमें हॉस्पिटल बिजनेस का योगदान ₹7,773 करोड़ और डायग्नोस्टिक्स सेगमेंट का ₹1,355 करोड़ रहा। कंपनी का ऑपरेटिंग EBITDA 31.3% बढ़कर ₹2,085 करोड़ हो गया, जबकि प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) ₹1,064 करोड़ दर्ज किया गया।
FY26 की चौथी तिमाही (Q4 FY26) में, कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ₹2,365 करोड़ था और PAT ₹271 करोड़ रहा। कंपनी पर नेट डेट ₹2,334 करोड़ है, जिसका नेट डेट-टू-EBITDA रेशियो 1.09x है।
शेयरधारकों को मिलेगा तोहफा
कंपनी ने ₹1 प्रति शेयर (फेस वैल्यू का 10%) का डिविडेंड देने का ऐलान किया है, जिससे शेयरधारकों को सीधा फायदा होगा।
विस्तार की बड़ी योजना
Fortis Healthcare सिर्फ नतीजों पर ही नहीं रुकी, बल्कि भविष्य के लिए भी बड़ी योजनाएं बताई हैं। कंपनी अगले 4 सालों में अपने नेटवर्क में 1,800 नए बेड जोड़ने की तैयारी में है। मैनेजमेंट का FY27 के लिए पॉजिटिव गाइडेंस है, जिसमें हॉस्पिटल बिजनेस में 15%+ रेवेन्यू ग्रोथ और मार्जिन में सुधार का लक्ष्य रखा गया है। डायग्नोस्टिक बिजनेस के EBITDA मार्जिन 23% से 24% के बीच रहने की उम्मीद है।
पिछली उपलब्धियां और आगे की राह
पिछले एक साल में Fortis Healthcare ने अपने नेटवर्क में 800 बेड जोड़े थे। कंपनी की पेरेंट कंपनी, IHH Healthcare, अपनी हिस्सेदारी 50% तक बढ़ाने और ग्रोथ के लिए ₹10,000 करोड़ का निवेश करने की योजना बना रही है।
किन बातों पर रहेगी नजर?
हालांकि, कुछ चिंताएं भी हैं। बड़े हॉस्पिटल्स में ऑक्यूपेंसी में थोड़ी कमी देखी गई है, जिसका कारण अंतरराष्ट्रीय मरीजों की धीमी वृद्धि और पंजाब/नॉर्थ क्षेत्र में मेडिकल ऑन्कोलॉजी ड्रग की कीमतों पर कैप लगना है। ऑन्कोलॉजी ड्रग प्राइस कैपिंग से जुड़े रेगुलेटरी जोखिम ECHS/CGHS जैसे सेगमेंट में राजस्व को प्रभावित कर सकते हैं।
