Aurobindo Pharma ने अपनी सब्सिडियरी Apitoria Pharma के जरिए A1 Biochem Group में **80%** हिस्सेदारी खरीदने का ऐलान किया है। इस डील के लिए कंपनी **13.6 मिलियन USD** (लगभग ₹113 करोड़) का निवेश करेगी। इस कदम से Aurobindo Pharma एक इंटीग्रेटेड CRDMO प्लेटफॉर्म बनाने की तैयारी में है, जिससे कंपनी की रिसर्च से लेकर मैन्युफैक्चरिंग तक की सेवाएं और मजबूत होंगी।
Detailed Coverage
क्यों यह डील है खास?
Aurobindo Pharma की पूर्ण स्वामित्व वाली सब्सिडियरी, Apitoria Pharma Private Limited, A1 Biochem Group का 80% स्टेक अपने नाम करेगी। यह पूरा सौदा 13.6 मिलियन USD (लगभग ₹113 करोड़) का है और यह डेट-फ्री, कैश-फ्री बेसिस पर किया जा रहा है। कंपनी को उम्मीद है कि यह डील अगले 90 से 120 दिनों में पूरी हो जाएगी।
CRDMO प्लेटफॉर्म का होगा निर्माण
इस एक्वीजीशन (acquisition) के पीछे Aurobindo Pharma का बड़ा प्लान है। कंपनी एक इंटीग्रेटेड कॉन्ट्रैक्ट रिसर्च, डेवलपमेंट एंड मैन्युफैक्चरिंग (CRDMO) प्लेटफॉर्म बनाना चाहती है। A1 Biochem की R&D क्षमताओं को Aurobindo Pharma की API मैन्युफैक्चरिंग पावर के साथ जोड़कर, कंपनी अपने ग्राहकों को प्रोडक्ट लाइफसाइकिल के हर स्टेज पर कॉम्प्रिहेंसिव सेवाएं देने का लक्ष्य रखती है।
A1 Biochem का ट्रैक रिकॉर्ड
A1 Biochem Group एक कॉन्ट्रैक्ट रिसर्च ऑर्गनाइजेशन (CRO) के तौर पर काम करती है, जो कस्टम सिंथेसिस, मेडिसिनल केमिस्ट्री और एनालिटिकल डेवलपमेंट में माहिर है। अमेरिका और भारत में लैब के साथ, कंपनी के पास 90 से ज्यादा साइंटिस्ट और 50 से अधिक फ्यूम हुड्स हैं। साल 2023-24 में A1 Biochem का टर्नओवर ₹60.89 करोड़ था, जो 2024-25 में बढ़कर ₹106.22 करोड़ और 2025-26 में ₹102.44 करोड़ रहा। वहीं, 2025-26 के लिए EBITDA ₹46.55 करोड़ दर्ज किया गया था।
आगे क्या?
यह डील Aurobindo Pharma को फुल-सर्विस CRDMO मॉडल पेश करने में सक्षम बनाएगी। इससे कंपनी ग्राहकों के साथ अपनी एंगेजमेंट बढ़ा सकती है और शुरुआती रिसर्च से लेकर बड़े पैमाने पर मैन्युफैक्चरिंग तक एंड-टू-एंड सॉल्यूशन देकर ज्यादा वैल्यू कैप्चर कर सकती है। हालांकि, फाइनल इन्वेस्टमेंट अमाउंट क्लोजिंग एडजस्टमेंट पर निर्भर करेगा और डील को रेग्युलेटरी अप्रूवल (regulatory approvals) मिलने के बाद ही अंतिम रूप दिया जाएगा।
