True Green Bio Energy Ltd (पुरानी CIL Nova Petrochemicals) ने फाइनेंशियल ईयर 2025-26 में बड़ी कामयाबी हासिल की है। कंपनी ने पिछले साल के **₹1.22 करोड़** के नुकसान से उबरकर **₹31.33 करोड़** का शुद्ध मुनाफा दर्ज किया है।
फाइनेंशियल परफॉरमेंस की नई उड़ान
कंपनी के रेवेन्यू में बड़ा उछाल देखने को मिला है, जो पिछले साल के ₹23.42 करोड़ से बढ़कर सीधे ₹284.01 करोड़ पर पहुंच गया है। इस शानदार परफॉरमेंस के पीछे अहमदाबाद में शुरू हुए 300 KLPD के ग्रेन-बेस्ड इथेनॉल प्लांट का सबसे बड़ा हाथ है।
क्यों है यह बदलाव खास?
कंपनी ने अब पूरी तरह से इथेनॉल मैन्युफैक्चरिंग पर अपना फोकस शिफ्ट कर लिया है। इसका असर कंपनी के कॉन्ट्रैक्ट्स पर भी दिख रहा है। कंपनी ने Reliance Industries, Nayara Energy, HPCL, IOCL, और BPCL जैसी दिग्गज कंपनियों के साथ सप्लाई एग्रीमेंट साइन किए हैं, जो भविष्य में रेवेन्यू की विजिबिलिटी को मजबूत बनाते हैं।
मैनेजमेंट और कॉर्पोरेट गवर्नेंस
इस बदलाव के साथ ही कंपनी के बोर्ड में भी बड़े बदलाव हुए हैं। प्रदीप मंत्री को होल-टाइम डायरेक्टर और तृषा शाह को इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के तौर पर नियुक्त किया गया है, ताकि कॉर्पोरेट गवर्नेंस को और बेहतर बनाया जा सके।
निवेशकों के लिए चेतावनी (Risks to watch)
हालांकि सब कुछ अच्छा दिख रहा है, लेकिन ऑडिटर्स ने ट्रेड रिसीवेबल्स को लेकर आगाह किया है। कंपनी के कुल ट्रेड रिसीवेबल्स का लगभग 43% हिस्सा ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) के पास फंसा है। साथ ही, कंपनी का नेट डेट-टू-इक्विटी रेशियो 2.02 है, जिस पर निवेशकों को नजर रखनी होगी।
