Torrent Power ने Solar Energy Corporation of India (SECI) के साथ अपना **300 MW** का विंड पावर प्रोजेक्ट कॉन्ट्रैक्ट रद्द कर दिया है। इंफ्रास्ट्रक्चर और कनेक्टिविटी में हो रही देरी के कारण यह फैसला लिया गया है, जिसके चलते कंपनी को **₹39.78 करोड़** का भारी जुर्माना भरना होगा।
प्रोजेक्ट रद्द होने की पीछे की वजह
कंपनी की सब्सिडियरी, Torrent Saurya Urja 2 Private Limited ने 300 MW विंड पावर प्रोजेक्ट के लिए साइन किए गए अपने पावर परचेज एग्रीमेंट (PPA) को आधिकारिक तौर पर बंद कर दिया है। यह एग्रीमेंट मई 2023 में हुआ था। कंपनी का कहना है कि ट्रांसमिशन कनेक्टिविटी और जनरल नेटवर्क एक्सेस (GNA) को लेकर पैदा हुई अनिश्चितताओं के कारण यह प्रोजेक्ट आगे बढ़ाना मुमकिन नहीं था।
निवेशकों पर क्या असर?
यह फैसला Torrent Power के रिन्यूएबल एनर्जी पोर्टफोलियो के लिए एक बड़ा झटका है, क्योंकि इससे कंपनी की पाइपलाइन क्षमता में कमी आई है। साथ ही, ₹39.78 करोड़ का सीधा आर्थिक नुकसान कंपनी की शॉर्ट-टर्म बैलेंस शीट पर दबाव डाल सकता है। यह मामला रिन्यूएबल सेक्टर में आने वाले बड़े एग्जीक्यूशन रिस्क (Execution Risks) को भी दर्शाता है, जहां बाहरी इंफ्रास्ट्रक्चर की देरी सीधे डेवलपर्स के मुनाफे को चोट पहुंचाती है।
आगे क्या नजर रखें?
बाजार की नजर अब इस बात पर है कि क्या यह समस्या केवल इसी प्रोजेक्ट तक सीमित है या पूरे सेक्टर में ऐसी दिक्कतें आ रही हैं। निवेशकों को कंपनी के नए रिन्यूएबल कैपेसिटी टारगेट्स और भविष्य की गाइडेंस पर बारीकी से नजर रखने की जरूरत है ताकि यह पता चल सके कि इस सेटबैक का कंपनी की ग्रोथ पर कितना असर पड़ेगा।
