Tata Power ने Q1 FY27 के लिए शानदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) पिछले साल की इसी तिमाही के मुकाबले 11% बढ़कर **₹1,401 करोड़** हो गया है। यह लगातार 27वीं तिमाही है जब कंपनी ने कमाई में ग्रोथ दर्ज की है।
Tata Power के नतीजे:
कंपनी ने Q1 FY27 के लिए ₹1,401 करोड़ का प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) दर्ज किया है, जो पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले 11% ज्यादा है। वहीं, EBITDA में 8% की बढ़ोतरी हुई और यह ₹4,249 करोड़ पर पहुंच गया।
लगातार 27वीं तिमाही में ग्रोथ:
यह लगातार 27वीं तिमाही है जब Tata Power ने PAT और EBITDA दोनों में ईयर-ऑन-ईयर (YoY) ग्रोथ हासिल की है। यह कंपनी की मजबूत ऑपरेशनल एफिशिएंसी और स्ट्रेटेजिक एग्जीक्यूशन को दर्शाता है। इस तिमाही में कंपनी ने कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capex) के तौर पर ₹5,300 करोड़ का निवेश किया है, जो रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर में विस्तार की प्रतिबद्धता को दिखाता है।
भविष्य की योजनाएं:
Tata Power, FY27 के लिए ₹25,000 करोड़ के Capex का लक्ष्य लेकर चल रही है। इसमें से बड़ा हिस्सा रिन्यूएबल प्रोजेक्ट्स के लिए है, जिसका लक्ष्य FY27 के अंत तक रिन्यूएबल कैपेसिटी को मौजूदा 6.7 GW से बढ़ाकर 9 GW से ऊपर ले जाना है। कंपनी अब पावर परचेज एग्रीमेंट (PPA) स्ट्रेटेजी में भी बदलाव कर रही है। वे सेंट्रल एजेंसी ऑक्शन के बजाय सीधे राज्यों को बिड और कमर्शियल व इंडस्ट्रियल क्लाइंट्स के साथ डायरेक्ट एग्रीमेंट को प्राथमिकता दे रहे हैं।
ध्यान देने योग्य जोखिम:
हालांकि नतीजे मजबूत हैं, लेकिन ओडिशा और दिल्ली DISCOMs से कलेक्शन में अस्थायी देरी देखी जा रही है, जिसे मैनेजमेंट ने मौसमी बिलिंग का असर बताया है। इसके अलावा, Tata Projects अभी भी कुछ पुराने घाटे वाले प्रोजेक्ट्स को पूरा करने में लगी है, जिनमें से करीब 10% अभी बाकी हैं। इससे अगले एक और तिमाही तक परफॉर्मेंस पर थोड़ा असर पड़ सकता है। इंडस्ट्री लेवल पर Q1 में करीब 5% का कर्ेलमेंट (curtailment) भी एक ऑपरेशनल चुनौती है, जिसके इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट से ठीक होने की उम्मीद है।
आगे क्या देखें:
निवेशक कंपनी के रिन्यूएबल कैपेसिटी टारगेट को हासिल करने, नई PPA स्ट्रेटेजी की सफलता और Tata Projects में पुराने घाटे का पूरी तरह से समाधान देखने पर ध्यान देंगे। रूफटॉप सोलर सेगमेंट और मॉड्यूल मैन्युफैक्चरिंग प्लांट का प्रदर्शन भी अहम होगा।
