Tata Power: राजस्थान में Tata Steel के लिए शुरू किया सोलर प्रोजेक्ट, क्षमता **12.3 GW** के पार

ENERGY
Whalesbook Corporate News Logo
AuthorKaran Malhotra|Published at:
Tata Power: राजस्थान में Tata Steel के लिए शुरू किया सोलर प्रोजेक्ट, क्षमता **12.3 GW** के पार

Tata Power Renewable Energy ने राजस्थान के बीकानेर में Tata Steel के लिए **72.5 MW** का कैप्टिव सोलर प्रोजेक्ट शुरू किया है। इस प्लांट से हर साल **166 मिलियन यूनिट** बिजली पैदा होगी और कार्बन उत्सर्जन में **1,18,856 टन** की कमी आएगी।

ग्रीन एनर्जी की ओर बड़ा कदम

Tata Power की सहायक कंपनी Tata Power Renewable Energy Limited (TPREL) ने बीकानेर के कालासर में यह सोलर प्रोजेक्ट तैयार किया है। इसे TP Vardhman Surya Limited द्वारा विकसित किया गया है। इस प्लांट में TP Solar Limited द्वारा निर्मित 1,71,360 सोलर मॉड्यूल्स का इस्तेमाल हुआ है।

क्यों है यह महत्वपूर्ण?

यह प्रोजेक्ट Tata Steel के लिए बिजली की जरूरतों को पूरा करने के साथ ही इंडस्ट्रियल डीकार्बोनाइजेशन (decarbonization) में बड़ी भूमिका निभाएगा। बड़े मैन्युफैक्चरिंग क्लाइंट्स को ग्रीन एनर्जी देकर Tata Power खुद को क्लीन एनर्जी सेक्टर में एक मजबूत लीडर के रूप में स्थापित कर रही है।

रिन्यूएबल क्षमता का गणित

इस नए प्लांट के साथ Tata Power की कुल रिन्यूएबल यूटिलिटी क्षमता 12.3 GW तक पहुंच गई है। इसकी स्थिति कुछ इस प्रकार है:

  • ऑपरेशनल कैपेसिटी: 7 GW (5.7 GW सोलर और 1.3 GW विंड)।
  • इम्प्लीमेंटेशन के तहत: 5.3 GW (2.2 GW सोलर और 3.1 GW विंड), जिन्हें अगले 6 से 24 महीनों में चालू करने की योजना है।

कंपनी का लक्ष्य भारत सरकार के 2030 तक 500 GW नॉन-फॉसिल फ्यूल क्षमता के लक्ष्य में बड़ा योगदान देना है। इसके अलावा कंपनी सोलर सेल मैन्युफैक्चरिंग, पंप्ड हाइड्रो स्टोरेज और EV चार्जिंग नेटवर्क पर भी तेजी से काम कर रही है, ताकि अपने कुल 26 GW के पावर पोर्टफोलियो को और अधिक विविधतापूर्ण बनाया जा सके।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.