Orient Green Power की सब्सिडियरी Beta Wind Farm ने तमिलनाडु में **6.6 MW** विंड पावर प्रोजेक्ट के लिए **₹62 करोड़** का EPC कॉन्ट्रैक्ट साइन किया है। यह प्रोजेक्ट अब 'इंटेंट' स्टेज से निकलकर सीधे काम शुरू करने की स्थिति में आ गया है।
प्रोजेक्ट की पूरी जानकारी
कंपनी ने एक्सचेंज को दी जानकारी में बताया कि Beta Wind Farm Private Limited ने Renfra Energy India Limited के साथ यह बड़ा करार किया है। इस प्रोजेक्ट के तहत 6.6 MW की कुल क्षमता वाले दो विंड टर्बाइन जनरेटर लगाए जाएंगे, जिनमें से प्रत्येक की क्षमता 3.3 MW होगी। यह पूरा करार ₹62 करोड़ (GST सहित) का है।
क्यों अहम है यह डील?
इस EPC कॉन्ट्रैक्ट पर हस्ताक्षर होने के साथ ही यह प्रोजेक्ट आधिकारिक तौर पर 'एग्जीक्यूशन' मोड में आ गया है। कंपनी के रिन्यूएबल एनर्जी पाइपलाइन के लिए यह एक महत्वपूर्ण कदम है, जो भविष्य में कंपनी की क्षमता को विस्तार देगा।
आगे क्या चुनौतियां हैं?
हालांकि काम शुरू हो गया है, लेकिन निवेशकों को कुछ बातों पर नजर रखनी चाहिए:
- लैंड एक्विजिशन: एक टर्बाइन तो कंपनी की अपनी जमीन पर लगेगा, लेकिन दूसरे टर्बाइन के लिए अभी जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही है।
- रेगुलेटरी अप्रूवल: समय पर काम पूरा करने के लिए सभी सरकारी और विनियामक मंजूरी मिलना बेहद जरूरी है।
- डेडलाइन: कंपनी ने इस प्रोजेक्ट को 30 नवंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा है।
इन्वेस्टर्स को आने वाले समय में कंपनी द्वारा जारी किए जाने वाले कंस्ट्रक्शन माइलस्टोन्स और लैंड एक्विजिशन अपडेट्स पर बारीक नजर रखनी चाहिए, क्योंकि इन्हीं से तय होगा कि प्रोजेक्ट समय पर पूरा होगा या नहीं।
