Glittek Granites में बड़ा बदलाव हुआ है। Rawmin Group ने कंपनी में **70.59%** हिस्सेदारी खरीदकर मैनेजमेंट अपने हाथों में ले लिया है। अब कंपनी ग्रेनाइट बिजनेस छोड़कर बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS) और क्रिटिकल मिनरल्स के कारोबार में उतरेगी और अपना नाम बदलकर Rawmin Neo Elements Limited करने जा रही है।
मैनेजमेंट में बड़ा बदलाव
Glittek Granites ने अब पूरी तरह से अपनी दिशा बदल ली है। Rawmin Group, जिसे 'थंकी' (Thanki) परिवार संचालित करता है, ने शेयर परचेज एग्रीमेंट और ओपन ऑफर के जरिए कंपनी का नियंत्रण हासिल कर लिया है। बोर्ड का गठन भी नए सिरे से किया गया है और भार्गव जी. थंकी को मैनेजिंग डायरेक्टर बनाया गया है।
नई रणनीति का ब्लूप्रिंट
कंपनी अब अपने पुराने ग्रेनाइट बिजनेस से बाहर निकलकर हाई-ग्रोथ सेक्टर जैसे कि बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS), सोलर पीवी और क्रिटिकल मिनरल्स पर ध्यान केंद्रित करेगी। कंपनी की विस्तार योजनाओं के लिए ₹200 करोड़ की नई उधारी सीमा तय करने का प्रस्ताव रखा गया है। इसके अलावा, प्रमोटर्स की ओर से ₹100 करोड़ तक का अनसिक्योर्ड लोन भी जुटाया जा सकता है।
पुरानी स्थिति और चुनौतियां
बीते वित्त वर्ष (FY 2025-26) में कंपनी का प्रदर्शन बेहद कमजोर रहा था, जिसमें ₹39.45 लाख का नेट लॉस और केवल ₹4.68 लाख की नाममात्र रेवेन्यू दर्ज की गई थी। अब नए मैनेजमेंट ने पुरानी इन्वेंट्री को हटाकर कर्ज-मुक्त बैलेंस शीट के साथ नई शुरुआत करने का दावा किया है।
आगे क्या होगा?
कंपनी का ऑफिस बेंगलुरु से मुंबई शिफ्ट किया जाएगा। निवेशकों की नजर अब आगामी एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) पर है, जहां नाम बदलने, लोन लिमिट तय करने और नए स्टैच्यूटरी ऑडिटर्स (M/s. R. R. Tibrewala & Co.) की नियुक्ति पर अंतिम मुहर लगेगी। हालांकि, BESS जैसे कैपिटल-इंटेंसिव सेक्टर में उतरना कंपनी के लिए एक बड़ी चुनौती हो सकती है, जिसकी सफलता कंपनी के एग्जीक्यूशन पर निर्भर करेगी।
