Whirlpool India के Q4 FY26 के नतीजे: रेवेन्यू में बढ़त, मुनाफे में गिरावट
Whirlpool of India का वितीय वर्ष 2026 की चौथी तिमाही में स्टैंडअलोन रेवेन्यू 7.4% बढ़कर ₹2,030 करोड़ रहा। इस टॉप-लाइन ग्रोथ के बावजूद, कंपनी की प्रॉफिटेबिलिटी पर बुरा असर पड़ा। अर्निंग्स बिफोर इंटरेस्ट, टैक्सेस, डेप्रिसिएशन और एमोर्टाइजेशन (EBITDA) में 40.9% की भारी गिरावट आई और यह ₹100 करोड़ पर आ गया। वहीं, प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT) 36.4% गिरकर ₹91 करोड़ दर्ज किया गया।
पूरे वितीय वर्ष 2025-26 के लिए, Whirlpool of India का रेवेन्यू 0.7% बढ़कर ₹7,474 करोड़ रहा। लेकिन, पूरे साल का EBITDA 16.7% घटकर ₹396 करोड़ और PBT 16.6% घटकर ₹348 करोड़ रहा।
कंसॉलिडेटेड आधार पर, जिसमें सब्सिडियरी Elica भी शामिल है, Whirlpool India का Q4 FY26 रेवेन्यू 8.8% बढ़कर ₹2,181 करोड़ हुआ। कंसॉलिडेटेड EBITDA में 33.7% की गिरावट आकर यह ₹121 करोड़ पर आ गया, और कंसॉलिडेटेड PBT 29.0% घटकर ₹110 करोड़ रहा। पूरे वितीय वर्ष के लिए, कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू 1.4% बढ़कर ₹8,034 करोड़ हुआ, जबकि कंसॉलिडेटेड EBITDA और PBT में क्रमश: 12.6% और 11.9% की गिरावट दर्ज की गई।
मुख्य फाइनेंशियल हाइलाइट्स:
- Q4 FY26 स्टैंडअलोन रेवेन्यू: ₹2,030 करोड़ (7.4% सालाना बढ़ोतरी)
- Q4 FY26 स्टैंडअलोन EBITDA: ₹100 करोड़ (40.9% सालाना गिरावट)
- Q4 FY26 स्टैंडअलोन PBT: ₹91 करोड़ (36.4% सालाना गिरावट)
- पूरा साल FY25-26 स्टैंडअलोन रेवेन्यू: ₹7,474 करोड़ (0.7% सालाना बढ़ोतरी)
- पूरा साल FY25-26 स्टैंडअलोन EBITDA: ₹396 करोड़ (16.7% सालाना गिरावट)
- Elica का Q4 FY26 में रेवेन्यू ग्रोथ: 30%
मुनाफे पर दबाव के बीच मार्केट शेयर में बढ़त
मुनाफे में गिरावट के बावजूद, Whirlpool of India ने चौथी तिमाही के दौरान मार्केट शेयर हासिल करने में अच्छी प्रगति की। कंपनी ने Mar’26 T2 मार्केट में दूसरा स्थान हासिल किया और डायरेक्ट कूल रेफ्रिजरेटर में अपनी लीडरशिप बरकरार रखी। साथ ही, टॉप-लोड और सेमी-ऑटोमैटिक वॉशिंग मशीन सेगमेंट में भी कंपनी ने दूसरी पोजीशन हासिल की।
मुनाफे को प्रभावित करने वाले फैक्टर
कंपनी के मैनेजमेंट ने मार्जिन को प्रभावित करने वाले कई कारणों का जिक्र किया। रेफ्रिजरेटर और एयर कंडीशनर के लिए एनर्जी एफिशिएंसी नॉर्म्स में बदलाव, साथ ही नए ई-वेस्ट कॉस्ट ने प्रॉफिट पर दबाव बढ़ाया। इसके अलावा, एयरकॉन बिजनेस में प्लान्ड इन्वेस्टमेंट के कारण चौथी तिमाही में वर्किंग कैपिटल बढ़ा, जिसका असर शॉर्ट-टर्म कैश फ्लो पर पड़ सकता है।
भविष्य की रणनीति
Whirlpool of India के लीडरशिप का प्लान ब्रांड बिल्डिंग, प्रोडक्ट इनोवेशन और सप्लाई चेन रेजिलिएंस जैसी स्ट्रेटेजिक पहलों पर फोकस करना है। कंपनी ने फ्रंट-लोड वॉशिंग मशीनों में डबल-डिजिट वॉल्यूम ग्रोथ और एयरकॉन वॉल्यूम में महत्वपूर्ण विस्तार दर्ज किया है, जो मजबूत डिमांड वाले क्षेत्रों को दर्शाते हैं। निवेशक इस बात पर करीब से नजर रखेंगे कि कंपनी मार्जिन प्रेशर से कैसे निपटती है और भविष्य की रेवेन्यू ग्रोथ को बेहतर प्रॉफिटेबिलिटी में बदलने के लिए अपने वर्किंग कैपिटल का प्रबंधन कैसे करती है।
