Sapphire Foods India ने Q2 FY27 के नतीजे पेश किए हैं, जिसमें कंपनी की रेस्टोरेंट सेल्स **20%** बढ़कर **₹8,853 मिलियन** पर पहुंच गई है। KFC के शानदार कारोबार ने नतीजों को मजबूती दी है, हालांकि Pizza Hut के मार्जिन पर दबाव और Devyani International के साथ मर्जर की प्रक्रिया पर निवेशकों की नजरें टिकी हैं।
मुनाफे और ग्रोथ का गणित
Sapphire Foods India ने इस तिमाही में अपने आउटलेट्स की संख्या को बढ़ाकर 1,086 तक पहुंचा दिया है। कंपनी की कंसोलिडेटेड EBITDA 21% बढ़कर ₹1,286 मिलियन रही, जबकि एडजस्टेड EBITDA में 39% की जबरदस्त उछाल देखी गई और यह ₹624 मिलियन तक पहुंच गई। बिजनेस का मुख्य इंजन KFC बना हुआ है, जिसने पहली छमाही में 21% की रेवेन्यू ग्रोथ दर्ज की है।
बिजनेस मॉडल में बड़ा बदलाव
कंपनी अब डिलीवरी-आधारित बिजनेस मॉडल पर ज्यादा ध्यान दे रही है, जिससे अब कुल रेवेन्यू का 44% हिस्सा आ रहा है। 'PACE SETTER' प्रोग्राम के तहत कंपनी अपने रेस्टोरेंट के साइज को छोटा कर रही है (KFC के लिए औसत 1,500 वर्ग फीट और Pizza Hut के लिए 1,200 वर्ग फीट), ताकि यूनिट इकोनॉमिक्स को बेहतर बनाया जा सके।
मर्जर अपडेट और चुनौतियां
निवेशकों के लिए सबसे बड़ी खबर 1 जनवरी, 2026 को घोषित Devyani International के साथ मर्जर है। फिलहाल यह डील रेगुलेटरी मंजुरियों के दौर से गुजर रही है। वहीं, चिंता का विषय Pizza Hut सेगमेंट है, जहां EBITDA मार्जिन में 110 bps की गिरावट आई है और मार्जिन -3.2% पर आ गया है।
प्रमुख आंकड़े (Context Metrics)
- टोटल रेस्टोरेंट: 1,086 (KFC: 606, Pizza Hut: 469, Taco Bell: 11)
- KFC इंडिया EBITDA मार्जिन: 15.7% (90 bps की बढ़त)
