Rana Sugars का FY26 का Report Card: मुनाफे में बड़ी गिरावट, कानूनी मुश्किलों के बीच कंपनी का हाल बेहाल

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AuthorSaanvi Reddy|Published at:
Rana Sugars का FY26 का Report Card: मुनाफे में बड़ी गिरावट, कानूनी मुश्किलों के बीच कंपनी का हाल बेहाल

Rana Sugars के FY26 के नतीजे सामने आए हैं, जिसमें रेवेन्यू तो फ्लैट रहा लेकिन नेट प्रॉफिट **₹34.38 करोड़** से घटकर **₹23.81 करोड़** रह गया है। कंपनी इस वक्त SEBI और ED की कानूनी कार्रवाई के दौर से गुजर रही है।

फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर एक नज़र

कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2026 के लिए जो आंकड़े पेश किए हैं, वे निवेशकों की चिंता बढ़ाने वाले हैं। जहाँ पिछले साल रेवेन्यू ₹1,745.16 करोड़ था, वह इस बार मामूली गिरावट के साथ ₹1,743.44 करोड़ रहा। हालांकि, असली झटका EBITDA में देखने को मिला, जो ₹104.83 करोड़ से घटकर ₹71.56 करोड़ रह गया।

ऑपरेशंस का हाल

गन्ने की पेराई (sugarcane crushing) में 27% की बड़ी गिरावट आई है, जिसका मुख्य कारण बेमौसम बारिश और फसल में बीमारियां बताई जा रही हैं। हालांकि, डिस्टिलरी (distillery) सेगमेंट में अच्छी खबर है, जहाँ प्रोडक्शन 902.82 लाख बल्क लीटर से बढ़कर 1,072.59 लाख बल्क लीटर हो गया है। साथ ही, शुगर बीट क्रशिंग में भी 43.49% का इजाफा दर्ज हुआ है।

कानूनी शिकंजा और मैनेजमेंट में बदलाव

कंपनी के लिए फिलहाल दो बड़े कानूनी मोर्चे खुले हुए हैं। पहली मुसीबत ₹22.02 करोड़ की संपत्ति जब्त करने का ED का आदेश है, जो FEMA के तहत जारी किया गया है। दूसरी तरफ, ₹7 करोड़ की पेनल्टी SEBI द्वारा लगाई गई है। कंपनी दोनों मामलों में कानूनी अपील कर रही है।

इन सबके बीच कंपनी के बोर्ड में भी फेरबदल हुआ है। बसंत कुमार बजाज और हरनीत सिंह ओबेरॉय ने इस्तीफा दे दिया है, जबकि अनिल सिंह नेगी और गौरव गर्ग (CFO) को बोर्ड में नई जिम्मेदारियां दी गई हैं।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.