Radico Khaitan: दमदार Q1 नतीजों से शेयर में तेजी! ₹1684 Cr रेवेन्यू, मार्जिन में भारी उछाल

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AuthorKaran Malhotra|Published at:
Radico Khaitan: दमदार Q1 नतीजों से शेयर में तेजी! ₹1684 Cr रेवेन्यू, मार्जिन में भारी उछाल

Radico Khaitan ने पहली तिमाही (Q1 FY27) के नतीजे जारी कर दिए हैं, और कंपनी का प्रदर्शन शानदार रहा है। कुल रेवेन्यू **₹1,684 करोड़** दर्ज किया गया, जबकि EBITDA **₹348 करोड़** रहा। कंपनी ने अपने प्रीमियम पोर्टफोलियो के लिए गाइडेंस को बढ़ाया है और मार्जिन में भी उल्लेखनीय विस्तार देखा गया है।

Radico Khaitan का मजबूत प्रदर्शन जारी

Radico Khaitan ने वित्तीय वर्ष 2027 की पहली तिमाही (Q1 FY2027) में अपने शानदार नतीजों से निवेशकों को खुश कर दिया है। कंपनी ने कुल 1 करोड़ केस की वॉल्यूम दर्ज की और ₹1,684 करोड़ का रेवेन्यू हासिल किया। EBITDA ₹348 करोड़ रहा, जो पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 536 बेसिस पॉइंट बढ़कर 20.7% रहा। वहीं, ग्रॉस मार्जिन में भी 610 बेसिस पॉइंट का सुधार हुआ और यह 49.1% पर पहुंच गया।

प्रीमियम सेगमेंट में तूफानी तेजी

कंपनी के 'Prestige & Above' (P&A) पोर्टफोलियो ने इस तिमाही में 36% की ज़बरदस्त वॉल्यूम ग्रोथ दर्ज की है। इसी को देखते हुए, मैनेजमेंट ने FY2027 के लिए इस सेगमेंट की वॉल्यूम ग्रोथ गाइडेंस को बढ़ाकर 25% कर दिया है, जो पहले 20% था। Magic Moments वोडका ब्रांड अपनी बादशाहत कायम रखे हुए है और 60% से अधिक मार्केट शेयर के साथ लीड कर रहा है।

मार्जिन सुधार और कर्ज में कमी

मुनाफे में यह बढ़त कच्चे माल की अनुकूल कीमतों और बेहतर प्रोडक्ट मिक्स के कारण संभव हुई है, भले ही पैकिंग मटेरियल की कीमतों में अस्थिरता का ₹30 करोड़ का असर पड़ा हो। कंपनी मार्च 2026 से अब तक अपने नेट डेट में ₹138 करोड़ की कमी ला चुकी है और Q2 FY2027 तक नेट डेट-फ्री (Net Debt-Free) बनने की राह पर है।

भविष्य की राह

यह नतीजे Radico Khaitan की प्रीमियम उत्पादों पर ध्यान केंद्रित करने की रणनीति की सफलता को दर्शाते हैं। P&A पोर्टफोलियो के लिए बढ़ाई गई गाइडेंस प्रीमियम उत्पादों की मजबूत मांग का संकेत देती है। नेट डेट-फ्री बनने से कंपनी की वित्तीय स्थिति और मजबूत होगी, जिससे ब्याज लागत कम होगी और शेयरधारकों के लिए वैल्यू बढ़ेगी।

ध्यान देने योग्य जोखिम

हालांकि, पैकिंग मटेरियल जैसी इनपुट लागतों में अस्थिरता एक चिंता का विषय बनी हुई है। इसके अलावा, महाराष्ट्र, कर्नाटक और तमिलनाडु जैसे प्रमुख राज्यों में संभावित नियामक बदलाव भी कंपनी के रूट-टू-मार्केट को प्रभावित कर सकते हैं।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.