Ovobel Foods ने FY26 के लिए बेहद दमदार आंकड़े पेश किए हैं। कंपनी का रेवेन्यू **36%** बढ़कर **₹256.75 करोड़** पर पहुंच गया है, जबकि नेट प्रॉफिट में **169%** की भारी उछाल देखी गई है और यह **₹24.35 करोड़** हो गया है। हालांकि, मुनाफे के बावजूद बोर्ड ने डिविडेंड नहीं देने का फैसला किया है।
मुनाफे में जोरदार उछाल
कंपनी के शानदार प्रदर्शन के पीछे मुख्य वजह बढ़ती सेल्स और कोप्पल (Koppal) यूनिट का सफलतापूर्वक ऑपरेशनल होना है। फाइनेंशियल ईयर 2026 के लिए कंपनी का EBITDA 152.6% बढ़कर ₹40.17 करोड़ दर्ज किया गया है। इसके अलावा, कंपनी का बेसिक EPS ₹9.53 से बढ़कर ₹25.63 पर पहुंच गया है, जो शेयरहोल्डर्स के लिए अच्छी खबर है।
क्यों नहीं मिला डिविडेंड?
बोर्ड ने इस साल डिविडेंड (Dividend) देने के बजाय अपना पूरा फोकस 'बैकवर्ड इंटीग्रेशन' और भविष्य के इंफ्रास्ट्रक्चर पर लगाने का निर्णय लिया है। कंपनी अपने रॉ मटेरियल पर निर्भरता कम करने के लिए खुद के फीड मिल और फार्म इंफ्रास्ट्रक्चर पर निवेश कर रही है।
बड़े फैसलों पर वोटिंग
आगामी AGM (जो 28 सितंबर 2026 को तय है) में शेयरहोल्डर्स ₹300 करोड़ के एक बड़े एग प्रोक्योरमेंट एग्रीमेंट और प्रोमोटर्स के साथ लंबे लीज एग्रीमेंट पर वोट करेंगे। इसके अलावा, इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के तौर पर श्री मैसूर नारायण श्रीधरा (Mysore Narayana Sreedhara) की नियुक्ति पर भी मुहर लगेगी।
निवेशकों के लिए जरूरी सतर्कता
मैनेजमेंट ने कच्चे माल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और बर्ड फ्लू जैसी बीमारियों को मुख्य रिस्क बताया है। गौरतलब है कि कंपनी का शेयर कलकत्ता स्टॉक एक्सचेंज पर सस्पेंडेड है, हालांकि BSE पर लिक्विडिटी अभी भी स्थिर बनी हुई है।
