Nilkamal Limited ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए शानदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी के रेवेन्यू में **14.05%** की जोरदार ग्रोथ दर्ज की गई है, और बोर्ड ने **₹20** प्रति शेयर के डिविडेंड की सिफारिश की है।
Nilkamal Ltd की शानदार कमाई, ₹20 डिविडेंड का ऐलान!
Nilkamal Limited ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए अपने वित्तीय नतीजे जारी कर दिए हैं, जो निवेशकों के लिए एक बड़ी खुशखबरी लेकर आए हैं। कंपनी के कंसोलिडेटेड रेवेन्यू में 14.05% की जबरदस्त सालाना ग्रोथ दर्ज की गई है, जो कि ₹3,778.06 करोड़ रहा। वहीं, स्टैंडअलोन रेवेन्यू में भी 13.80% की बढ़ोतरी के साथ ₹3,686.39 करोड़ का आंकड़ा पार किया है।
क्यों है ये नतीजे अहम?
यह नतीजे इसलिए भी अहम हैं क्योंकि कंपनी अपने प्लास्टिक फर्नीचर के पारंपरिक बिजनेस से हटकर हाई-वैल्यू, डिज़ाइन-बेस्ड कैटेगरीज की ओर बढ़ रही है। इस स्ट्रैटेजिक शिफ्ट को कंपनी के भविष्य के लिए काफी मजबूत माना जा रहा है, जिससे लॉन्ग-टर्म वैल्यू क्रिएशन की उम्मीद है।
कंपनी की बदलती तस्वीर
Nilkamal में अब नॉन-प्लास्टिक होम फर्नीचर, गद्दे (mattresses), और फोम प्रोडक्ट्स प्लास्टिक फर्नीचर के मुकाबले बिक्री में ज्यादा योगदान दे रहे हैं। यह बदलाव कंपनी को हाई-मार्जिन सेगमेंट की ओर ले जा रहा है।
अब आगे क्या?
कंपनी के बोर्ड ने ₹10 फेस वैल्यू वाले हर इक्विटी शेयर पर ₹20 के फाइनल डिविडेंड की सिफारिश की है। इसके अलावा, कंपनी वित्त वर्ष 2026-27 के लिए मार्जिन पर फोकस और बेहतर कैश मैनेजमेंट की रणनीति पर काम करेगी।
इन जोखिमों पर रखें नज़र
कंपनी मैनेजमेंट ने कच्चे माल की कीमतों में अस्थिरता (volatility) का जिक्र किया है। भू-राजनीतिक (geopolitical) घटनाओं के कारण पॉलीप्रोपाइलीन और पॉलीथीन जैसे रॉ मटेरियल की कीमतों में 45% तक का उछाल देखा गया है। इसके अलावा, गद्दे और फर्नीचर सेगमेंट में कड़ी प्रतिस्पर्धा (competitive pressure) भी एक जोखिम है।
तुलनात्मक आंकड़े (Context Metrics)
- कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ग्रोथ (FY2025-26): 14.05% YoY
- स्टैंडअलोन PAT ग्रोथ: ₹91.27 करोड़ (पिछला साल) से बढ़कर ₹105.13 करोड़ (FY2025-26)
- Nilkamal Sleep ग्रोथ: 53% YoY
- PUF/Foam डिविजन ग्रोथ: 198% YoY
- Nilkamal EDGE ग्रोथ: 14% YoY
- Steel Racking बिजनेस ग्रोथ: 22% YoY
आगे क्या देखना है?
निवेशकों की नजरें 'Nilkamal Select' रिटेल स्टोर्स के विस्तार और वित्त वर्ष 2026-27 में इनपुट कॉस्ट की अस्थिरता के बीच कंपनी की मार्जिन स्टेबिलिटी बनाए रखने की क्षमता पर रहेंगी।
