Megastar Foods ने फाइनेंशियल ईयर 2026 में दमदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का रेवेन्यू बढ़कर **₹532.58 करोड़** हो गया है, जबकि नेट प्रॉफिट **₹9.30 करोड़** के स्तर पर पहुंच गया है, जो पिछले साल के मुकाबले दोगुने से भी ज्यादा है।
मुनाफे की रफ्तार
कंपनी के हालिया नतीजों के अनुसार, ऑपरेशंस से प्राप्त रेवेन्यू पिछले साल के ₹361.01 करोड़ से बढ़कर ₹532.58 करोड़ हो गया है। प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) में बड़ी छलांग देखी गई है, जो पिछले फाइनेंशियल ईयर के ₹3.79 करोड़ से बढ़कर ₹9.30 करोड़ पर पहुंच गया। इस दौरान बेसिक EPS भी बढ़कर ₹8.23 दर्ज किया गया।
बेहतर दक्षता और क्रेडिट रेटिंग
कंपनी का ऑपरेटिंग प्रॉफिट (PBDIT) 61% बढ़ा है, जो लागत नियंत्रण और बेहतर ऑपरेशनल एफिशिएंसी को दर्शाता है। इसी मजबूती को देखते हुए CARE Ratings ने कंपनी की लॉन्ग-टर्म बैंक फैसिलिटी को 'CARE BB+; Stable' से अपग्रेड करके 'CARE BBB-; Stable' कर दिया है। यह सुधार कंपनी की बेहतर कर्ज चुकाने की क्षमता को दिखाता है।
भविष्य की योजनाएं और कॉरपोरेट बदलाव
बोर्ड ने इस बार डिविडेंड न देने का फैसला लिया है, ताकि मुनाफे का उपयोग बिजनेस विस्तार के लिए किया जा सके। कंपनी की 15वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) 23 सितंबर, 2026 को तय की गई है। साथ ही, हर्ष शर्मा को नया कंपनी सेक्रेटरी और कंप्लायंस ऑफिसर नियुक्त किया गया है।
निवेशकों के लिए जरूरी बातें
हालांकि कंपनी का प्रदर्शन अच्छा है, लेकिन निवेशकों को बढ़ते ब्याज खर्चों (interest costs) पर नजर रखनी होगी। कंपनी का पूरा ध्यान अब रूपनगर स्थित अपनी 710 MTPD प्रोसेसिंग यूनिट की क्षमता को प्रभावी ढंग से बढ़ाने पर है।
