Magadh Sugar & Energy ने Q2 FY27 के नतीजे जारी किए हैं। कंपनी ने पिछले साल के मुकाबले शानदार टर्नअराउंड करते हुए ₹1 करोड़ का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जबकि पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी को ₹10 करोड़ का नुकसान हुआ था।
मुनाफे में वापसी और EBITDA में दम
कंपनी ने सितंबर 2026 को समाप्त तिमाही के लिए अपने फाइनेंशियल रिजल्ट्स पेश किए हैं। हालांकि इस दौरान कंपनी की कुल आय ₹290 करोड़ रही, जो पिछले साल की समान तिमाही में ₹325 करोड़ थी, लेकिन कंपनी के लिए सबसे बड़ी राहत की बात उसका ऑपरेशनल टर्नअराउंड है। तिमाही आधार पर कंपनी का EBITDA पिछले साल के ₹2 करोड़ से बढ़कर अब ₹15 करोड़ के स्तर पर पहुंच गया है।
पहली छमाही (H1) का हाल
तिमाही नतीजों में सुधार के बावजूद, फाइनेंशियल ईयर की पहली छमाही (H1) की तस्वीर थोड़ी मिली-जुली है। कंपनी ने H1 FY27 में ₹11 करोड़ का नेट लॉस रिपोर्ट किया है, जो पिछले साल की समान अवधि में ₹10 करोड़ था। साथ ही, छमाही के लिए कुल आय भी ₹602 करोड़ रही, जो पिछले साल ₹659 करोड़ थी।
नई पॉलिसी का असर और चुनौतियां
कंपनी के चेयरमैन सी.एस. नोपानी ने 'Sugarcane Industry Investment Promotion Policy 2026' को बिहार के शुगर सेक्टर के लिए एक गेम-चेंजर बताया है। उम्मीद जताई जा रही है कि इससे इंफ्रास्ट्रक्चर का आधुनिकीकरण होगा। हालांकि, निवेशकों के लिए एथेनॉल डायवर्जन (Ethanol Diversion) से जुड़ी सरकारी रेगुलेशंस में बदलाव एक बड़ा रिस्क फैक्टर बने हुए हैं। आने वाले समय में कंपनी की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि वह अपनी प्रॉफिटेबिलिटी को कैसे बरकरार रखती है।
