LT Foods ने दूसरी तिमाही के नतीजों में अपनी मजबूत पकड़ का प्रदर्शन किया है। कंपनी का रेवेन्यू **17%** बढ़कर **₹3,253 करोड़** के स्तर पर पहुंच गया है, जिसे बासमती और स्पेशलिटी राइस सेगमेंट में **27%** की शानदार ग्रोथ से मजबूती मिली है।
मुनाफे और रेवेन्यू का दम
LT Foods ने Q2 FY27 के लिए दमदार आंकड़े पेश किए हैं। सितंबर तिमाही में कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ₹3,253 करोड़ रहा, जो पिछले साल के मुकाबले 17% ज्यादा है। वहीं, अगर हम पहली छमाही (H1 FY27) की बात करें, तो रेवेन्यू ₹6,414 करोड़ तक पहुंच गया है, जो कि 22% की सालाना बढ़ोतरी को दर्शाता है। कंपनी का नेट प्रॉफिट (PAT) भी 9% की बढ़त के साथ ₹364 करोड़ रहा है।
मार्जिन पर क्यों है दबाव?
रेवेन्यू के मोर्चे पर शानदार प्रदर्शन के बावजूद, कंपनी का EBITDA मार्जिन H1 में 11.2% पर आ गया है, जो पिछले साल 11.7% था। इसका मुख्य कारण ग्लोबल लेवल पर फ्रेट (भाड़ा) लागत में बढ़ोतरी और ब्रांडिंग पर किया गया भारी निवेश है। कंपनी अपने बासमती सेगमेंट के जरिए 90% रेवेन्यू हासिल कर रही है, जिसमें नॉर्थ अमेरिका और भारत का योगदान सबसे ज्यादा है।
ऑपरेशनल मजबूती और कैश पोजीशन
कंपनी ने अपनी वर्किंग कैपिटल साइकिल को बेहतर किया है, जो 174 दिनों से घटकर 143 दिन रह गई है। कंपनी की बैलेंस शीट काफी मजबूत है और 30 सितंबर, 2026 तक कंपनी के पास ₹247 करोड़ का नेट कैश सरप्लस मौजूद है।
आगे क्या है चुनौतियां?
यूरोप और यूके के बाजारों में चुनौतीपूर्ण माहौल के साथ-साथ ऑर्गेनिक बिजनेस का स्ट्रैटेजिक ट्रांसफॉर्मेशन फिलहाल कंपनी के लिए एक चुनौती बना हुआ है। अब निवेशकों की नजर कंपनी के अमेरिका स्थित नए Ready-to-Heat (RTH) फैसिलिटी के चालू होने और मार्जिन को वापस 13-14% के स्तर पर लाने की कोशिशों पर टिकी है।
