Kansai Nerolac Paints ने अपने Q2 नतीजों का ऐलान कर दिया है। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू बढ़कर **₹2,317.38 करोड़** रहा, जो पिछले साल इसी तिमाही में **₹1,954.18 करोड़** था। वहीं, कंपनी का नेट प्रॉफिट **₹143.99 करोड़** दर्ज किया गया है।
विलय का असर और नतीजों की तस्वीर
इस तिमाही के आंकड़ों में Nerofix Private Limited के विलय का असर साफ दिख रहा है। NCLT के आदेश के बाद हुए इस इंटीग्रेशन से कंपनी की परफॉर्मेंस की एक कंसोलिडेटेड तस्वीर सामने आई है। आंकड़ों को 1 अप्रैल, 2025 से रिट्रोस्पेक्टिव आधार पर रीस्टेट किया गया है, ताकि बिजनेस की सही ग्रोथ का अंदाजा लग सके।
कारोबार का विस्तार
कंपनी की ग्रोथ में डेकोरेटिव और इंडस्ट्रियल, दोनों सेगमेंट का अहम योगदान रहा है। Kansai Nerolac अब केवल पेंट्स तक सीमित नहीं है, बल्कि कंस्ट्रक्शन केमिकल्स, वॉटरप्रूफिंग और वुड फिनिश जैसे हाई-ग्रोथ सेगमेंट में भी अपनी पैठ मजबूत कर रही है। इंफ्रास्ट्रक्चर और रिनोवेशन मार्केट में बढ़ती डिमांड का सीधा फायदा कंपनी को मिल रहा है।
मार्जिन पर दबाव और रिस्क फैक्टर
नतीजे तो अच्छे हैं, लेकिन मैनेजमेंट ने कुछ चुनौतियों की ओर इशारा किया है। रॉ मटेरियल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और करेंसी में अस्थिरता कंपनी के इनपुट कॉस्ट पर दबाव बना रही है। इसे काउंटर करने के लिए कंपनी प्राइजिंग स्ट्रैटेजी और फॉर्मूलेशन ऑप्टिमाइजेशन पर जोर दे रही है ताकि मार्जिन्स को सुरक्षित रखा जा सके।
आगे क्या होगा?
निवेशकों की नजर अब इस बात पर होगी कि कंपनी फेस्टिवल सीजन की डिमांड का कितना फायदा उठा पाती है। साथ ही, मार्जिन की सेहत बनाए रखने के लिए मैनेजमेंट कैसे इनपुट लागतों को मैनेज करता है, यह आने वाली तिमाहियों में तय करेगा।
