Jungle Camps India ने Q1 FY27 में रेवेन्यू में **12%** की शानदार बढ़त दर्ज की है, जो **₹5.97 करोड़** रहा। हालांकि, खर्चों में बढ़ोतरी और एक प्रोजेक्ट रद्द होने के कारण कंपनी का मुनाफा घटकर **₹0.47 करोड़** रह गया।
Jungle Camps India के Q1 FY27 के नतीजे
Jungle Camps India ने पहली तिमाही (Q1 FY27) के अपने फाइनेंशियल नतीजे पेश कर दिए हैं। कंपनी के रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशंस (Revenue from Operations) में पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले 12% की बढ़ोतरी हुई है और यह ₹5.97 करोड़ तक पहुंच गया है। वहीं, कुल आय (Total Income) में 9.6% की वृद्धि देखी गई, जो ₹6.25 करोड़ रही।
मुनाफे में आई भारी गिरावट
इन सबके बावजूद, कंपनी के मुनाफे पर गहरा असर पड़ा है। प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT) ₹1.43 करोड़ से घटकर ₹0.62 करोड़ रह गया। वहीं, प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) में भी बड़ी गिरावट आई है, जो पिछले साल के ₹1.13 करोड़ की तुलना में घटकर इस तिमाही में सिर्फ ₹0.47 करोड़ रह गया।
खर्चों का बोझ और प्रोजेक्ट कैंसिलेशन का असर
कंपनी के मुनाफे में गिरावट की मुख्य वजह ऑपरेटिंग खर्चों (Operating Expenses) में हुई बढ़ोतरी और एक रद्द हुए पार्सिली प्रोजेक्ट (Parsili project) के कारण ₹0.52 करोड़ का असाधारण खर्च (Exceptional Cost) बताया जा रहा है।
भविष्य की क्या हैं योजनाएं?
कंपनी अपने प्रॉपर्टी पोर्टफोलियो का विस्तार कर रही है। इसमें IHG के साथ साझेदारी में मथुरा होटल और शेओपुर फोर्ट लक्जरी होटल शामिल हैं। ये प्रोजेक्ट कर्ज के सहारे आगे बढ़ रहे हैं, और FY28 तक कुल कर्ज ₹50 करोड़ तक पहुंचने की उम्मीद है। इसके अलावा, देवप्रयाग प्रोजेक्ट इसी तिमाही में लॉन्च किया जा रहा है। मैनेजमेंट को उम्मीद है कि नए प्रॉपर्टीज के स्थिर होने के बाद फाइनेंशियल ईयर की दूसरी छमाही में मार्जिन में सुधार दिखेगा।
निवेशकों के लिए खास बातें
EBITDA मार्जिन 32% से घटकर 27% हो गया है, जिस पर निवेशकों की नजर रहेगी। नए प्रोजेक्ट्स के एग्जीक्यूशन और समय पर पूरा होने का जोखिम भी अहम है। हालांकि, कंपनी का रेवेन्यू बढ़ रहा है, लेकिन मार्जिन पर दबाव और एकमुश्त खर्चों का असर अभी नतीजों में दिख रहा है।
