Craftroot Retail Ltd ने अपने FY26 के नतीजों में चौंकाने वाला प्रदर्शन किया है। कंपनी ने अपना मुख्य कारोबार केमिकल से बदलकर हैंडीक्राफ्ट (Handicraft) सेक्टर में शिफ्ट कर लिया है, जिसके चलते नेट प्रॉफिट **₹0.22 करोड़** तक पहुंच गया है।
मुनाफे में इजाफा, लेकिन रेवेन्यू में सुस्ती
कंपनी के लिए FY26 बदलाव का साल रहा है। जहां पिछले साल नेट प्रॉफिट सिर्फ ₹0.07 करोड़ था, वहीं इस साल यह बढ़कर ₹0.22 करोड़ पर पहुंच गया है। हालांकि, ग्रॉस इनकम में बड़ी गिरावट देखने को मिली है, जो ₹2.76 करोड़ से घटकर ₹0.53 करोड़ रह गई है। यह गिरावट कंपनी के केमिकल बिजनेस से बाहर निकलने के फैसले का सीधा असर है।
नई कमान और नया बिजनेस मॉडल
अब यह कंपनी पूरी तरह से हैंडीक्राफ्ट आर्टिकल को डिजाइन और मैन्युफैक्चर करने पर फोकस कर रही है। बदलाव की इस प्रक्रिया के तहत मई 2026 से कंपनी एक नई बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की टीम के साथ काम कर रही है। मैनेजिंग डायरेक्टर (MD) के तौर पर Anar Patel ने जिम्मेदारी संभाली है, जो कंपनी को नए मुकाम पर ले जाने की कोशिश कर रही हैं।
निवेशकों के लिए अपडेट
कंपनी ने अपने शेयरधारकों के लिए ₹0.05 प्रति शेयर (फेस वैल्यू ₹10) के डिविडेंड की सिफारिश की है। इसके लिए रिकॉर्ड डेट 17 सितंबर, 2026 तय की गई है, और कंपनी की एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) 25 सितंबर, 2026 को होनी है।
आगे की राह और चुनौतियां
कंपनी के बोर्ड में बड़ा बदलाव हुआ है, जिसमें Dakshesh Shah को CFO नियुक्त किया गया है। हालांकि, निवेशकों को ध्यान रखना होगा कि रेवेन्यू में आई बड़ी गिरावट एक रिस्क फैक्टर है। कंपनी की भविष्य की स्थिरता पूरी तरह से इस बात पर निर्भर करेगी कि वे अपने हैंडीक्राफ्ट बिजनेस को कितनी जल्दी और प्रभावी ढंग से स्केल (Scale) कर पाते हैं।
