Syschem India ने फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के लिए शानदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का रेवेन्यू **69.5%** बढ़कर **₹654.63 करोड़** हो गया है, जबकि नेट प्रॉफिट में भी बड़ा उछाल आया है।
ग्रोथ की रफ्तार
Syschem (India) Limited के लिए पिछला फाइनेंशियल ईयर बेहद शानदार रहा। कंपनी ने अपने नए मैन्युफैक्चरिंग प्लांट को पूरी क्षमता के साथ शुरू किया, जिसका सीधा फायदा बैलेंस शीट में दिखा। कंपनी का नेट प्रॉफिट जो पिछले साल महज ₹0.46 करोड़ था, वह अब बढ़कर ₹10.93 करोड़ पर पहुंच गया है। इसके अलावा, बेसिक EPS (Earnings Per Share) भी ₹2.50 तक पहुंच गया है, जो कंपनी के बेहतर ऑपरेशंस को दर्शाता है।
30 सितंबर को AGM पर नजर
निवेशकों के लिए आगामी 33वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) काफी महत्वपूर्ण है, जो 30 सितंबर 2026 को होनी है। इस मीटिंग में कुछ अहम फैसले लिए जाएंगे, जिसमें M/s Bansal Vijay & Associates को वैधानिक ऑडिटर के तौर पर नियुक्त करना और बोर्ड में लीडरशिप का पुनर्गठन शामिल है। कार्यकारी निदेशक मिस्टर रंजन जैन और मिस्टर सुनिंदर वीर सिंह के पदनाम को लेकर होने वाली वोटिंग पर मार्केट की खास नजर रहेगी।
निवेशकों के लिए जोखिम (Risks)
हालाँकि कंपनी का प्रदर्शन अच्छा है, लेकिन कुछ 'Related Party Transactions' पर निवेशकों को सतर्क रहने की जरूरत है। कंपनी की एक बड़ी कमाई Pharmacare International, Indosol Export और JB Khokhani & Co के साथ हुए सौदों से आती है। इसके अलावा, कंपनी ने HDFC Bank को ₹50 करोड़ की कॉर्पोरेट गारंटी दी है, जो Pharmacare International के क्रेडिट फैसिलिटी के लिए है। जानकारों का कहना है कि निवेशकों को यह देखना होगा कि क्या ये ट्रांजेक्शन पारदर्शी हैं या नहीं।
