Shivalik Rasayan ने FY26 के नतीजों में **₹368 करोड़** का रेवेन्यू दर्ज किया है। मुनाफे में गिरावट के बावजूद कंपनी ने **10%** डिविडेंड का ऐलान किया है, और कंपनी का फोकस अब नए Dahej-III प्लांट के जरिए मार्जिन रिकवरी पर है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस और डिविडेंड
Shivalik Rasayan लिमिटेड ने फाइनेंशियल ईयर 2025-26 के लिए अपने नतीजों का ऐलान किया है। कंपनी का रेवेन्यू पिछले साल के ₹311.77 करोड़ से बढ़कर ₹368.00 करोड़ हो गया है। हालांकि, मुनाफे के मोर्चे पर निवेशकों को थोड़ी निराशा हाथ लगी है, जो पिछले साल के ₹22.13 करोड़ से घटकर ₹17.97 करोड़ पर आ गया है। इस बीच, कंपनी ने ₹5 फेस वैल्यू वाले शेयर पर 10% यानी ₹0.50 प्रति शेयर डिविडेंड की घोषणा की है। इसकी रिकॉर्ड डेट 21 सितंबर 2026 तय की गई है और पेमेंट 15 अक्टूबर 2026 तक हो जाएगा।
क्यों घटी प्रॉफिटेबिलिटी?
कंपनी का टॉप-लाइन विस्तार तो शानदार है, लेकिन मुनाफे में गिरावट बढ़ते ऑपरेशनल और इनपुट कॉस्ट की ओर इशारा करती है। कंपनी का मुख्य ध्यान अब Dahej-III फैसिलिटी पर है, जिसकी कैपेसिटी 2,500 MT है। मैनेजमेंट को उम्मीद है कि यह प्लांट अगले दो सालों में ₹200 करोड़ का अतिरिक्त रेवेन्यू जनरेट करेगा।
ऑपरेशंस और गवर्नेंस
Shivalik अब रिसर्च-ओरिएंटेड बिजनेस मॉडल की ओर शिफ्ट हो रही है। अप्रैल 2026 में कंपनी ने अपना पहला NCE-1 प्रोजेक्ट पूरा किया है। साथ ही, कंपनी अमेरिका, जापान और साउथ कोरिया के पार्टनर्स के साथ मिलकर API मार्केट्स में अपनी पैठ मजबूत कर रही है।
गवर्नेंस के मोर्चे पर, ऑडिटर्स ने CSR बजट कैलकुलेशन और POSH एक्ट के तहत कमेटी गठन में कुछ प्रशासनिक देरी की ओर इशारा किया था, जिसे मैनेजमेंट ने सुधारने का भरोसा दिलाया है। अब निवेशकों की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या नई Dahej-III फैसिलिटी का बेहतर इस्तेमाल आने वाली तिमाहियों में मार्जिन को पटरी पर ला पाएगा।
