Prasol Chemicals ने फाइनेंशियल ईयर **2027** की पहली तिमाही में शानदार शुरुआत की है। कंपनी का नेट प्रॉफिट **151%** बढ़कर **₹61 करोड़** पर पहुंच गया है, जबकि रेवेन्यू में **35.7%** का जोरदार इजाफा देखा गया है।
मुनाफे में रॉकेट जैसी तेजी
आईपीओ के बाद कंपनी के पहले नतीजों ने निवेशकों का दिल जीत लिया है। Q1 FY27 में कंपनी का रेवेन्यू ₹433.6 करोड़ रहा है। कंपनी का EBITDA मार्जिन भी पिछले साल के 12.7% से बढ़कर इस बार 20.8% पर पहुंच गया है। इस शानदार परफॉर्मेंस के पीछे मजबूत डिमांड और करीब ₹25 करोड़ के इन्वेंट्री गेन्स का बड़ा हाथ रहा है।
क्या मार्जिन टिकाऊ है?
कंपनी मैनेजमेंट ने निवेशकों को सतर्क करते हुए कहा है कि इस बार के नतीजों में कुछ गैर-नियमित (non-recurring) फायदे भी शामिल हैं। फिलहाल ग्रॉस मार्जिन 37.9% रहा है, लेकिन मैनेजमेंट का मानना है कि इसे 30% से 32% के बीच नॉर्मलाइज होना चाहिए।
भविष्य की रणनीति और Capex
ग्रोथ को रफ्तार देने के लिए कंपनी ₹250 से ₹300 करोड़ का बड़ा Capex प्लान लागू कर रही है। इसका पहला फेज डी-बॉटलनेकिंग पर केंद्रित है, जिससे ₹500-550 करोड़ का अतिरिक्त रेवेन्यू आने की उम्मीद है। कंपनी का लॉन्ग टर्म टारगेट अगले 5 सालों में रेवेन्यू को ₹2,800 से ₹3,000 करोड़ तक ले जाने का है।
रिस्क फैक्टर
निवेशकों को सलाह है कि वे ग्लोबल लॉजिस्टिक्स और पेट्रोकेमिकल कीमतों में उतार-चढ़ाव पर नजर रखें। मैनेजमेंट ने संकेत दिए हैं कि आने वाली तिमाहियों में EBITDA मार्जिन 15% से 16% के दायरे में रह सकता है क्योंकि इन्वेंट्री गेन्स का असर कम हो जाएगा।
