Nikhil Adhesives ने FY26 के लिए अपने नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट बढ़कर **₹17.36 करोड़** पर पहुंच गया है, हालांकि रेवेन्यू में **6.52%** की गिरावट दर्ज की गई है।
मुनाफे की तस्वीर और रेवेन्यू का हाल
कंपनी का नेट प्रॉफिट पिछले साल के ₹16.65 करोड़ से बढ़कर इस बार ₹17.36 करोड़ हो गया है। हालांकि, बिक्री में सुस्ती देखने को मिली है और रेवेन्यू 6.52% घटकर ₹553.47 करोड़ रह गया है। यह डेटा दर्शाता है कि कंपनी ने रेवेन्यू में गिरावट के बावजूद ऑपरेशनल एफिशिएंसी के जरिए अपने बॉटम-लाइन को मजबूत रखा है।
एजीएम और निवेशकों के लिए अपडेट
कंपनी ने अपनी 40वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) 22 सितंबर, 2026 को बुलाई है। बोर्ड ने प्रति शेयर ₹0.22 का डिविडेंड देने की सिफारिश की है। इसके अलावा, कंपनी के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर Umesh J. Sanghavi की नियुक्ति को तीन साल के लिए रिन्यू करने पर भी चर्चा होगी। साथ ही, बोर्ड की बॉरोइंग लिमिट को बढ़ाकर ₹250 करोड़ करने का प्रस्ताव भी रखा गया है।
जोखिम और भविष्य की चुनौतियां
निवेशकों को कंपनी के फॉरेक्स घाटे (Forex Losses) पर पैनी नजर रखने की जरूरत है। पिछले साल यह महज ₹0.23 करोड़ था, जो इस बार बढ़कर ₹2.28 करोड़ पर पहुंच गया है। करेंसी में उतार-चढ़ाव कंपनी के मार्जिन पर सीधा असर डाल रहा है। रेवेन्यू का गिरना भी प्रतिस्पर्धात्मक मार्केट में कंपनी के लिए एक चुनौती बना हुआ है। अब देखना यह होगा कि कंपनी अपनी बढ़ी हुई कर्ज लेने की क्षमता का इस्तेमाल किस तरह करती है और फॉरेक्स जोखिम को कैसे नियंत्रित करती है।
