Lords Chloro Alkali ने Q2 FY27 के नतीजे पेश कर दिए हैं। कंपनी का रेवेन्यू **14.6%** बढ़कर **₹115.51 करोड़** पर पहुंच गया है, जिसके पीछे कास्टिक सोडा और क्लोरीनेटेड पैराफिन वैक्स की मजबूत मांग है।
मुनाफे और मार्जिन का गणित
कंपनी का रेवेन्यू साल-दर-साल आधार पर ₹100.77 करोड़ से बढ़कर ₹115.51 करोड़ हो गया है, जो वॉल्यूम ग्रोथ को दर्शाता है। हालांकि, मुनाफे के मोर्चे पर स्थिति स्थिर रही है। कंपनी का नेट प्रॉफिट (PAT) ₹9.02 करोड़ रहा, जो पिछले साल की इसी अवधि में ₹9.04 करोड़ था। मार्जिन में 464 बेसिस पॉइंट्स की गिरावट देखी गई है, जो घटकर 16.29% रह गए हैं। इसकी मुख्य वजह कास्टिक सोडा की कीमतों में कमी आना है।
ग्रीन एनर्जी की तरफ बढ़ते कदम
कंपनी अब खुद को 'ग्रीन केमिकल कंपनी' के रूप में स्थापित कर रही है। हाल ही में बीकानेर, राजस्थान में 21 MW DC का कैप्टिव सोलर प्लांट चालू किया गया है। इसके साथ ही कुल रिन्यूएबल एनर्जी क्षमता अब 47 MW DC तक पहुंच गई है। मैनेजमेंट का लक्ष्य अगले कुछ समय में एनर्जी मिक्स को 80% तक ले जाने का है, ताकि बिजली के खर्चों को कम किया जा सके, जो फिलहाल कुल उत्पादन लागत का 36% हैं।
आगे की चुनौतियां और रणनीति
कंपनी FY24-FY28 के बीच कुल ₹315 करोड़ का भारी कैपेक्स (Capex) कर रही है। निवेशकों की नजर अब इस बात पर है कि क्या वॉल्यूम ग्रोथ केमिकल की कीमतों की अस्थिरता की भरपाई कर पाएगी? इसके अलावा, Q4 FY27 तक कास्टिक सोडा की क्षमता को 360 TPD तक पहुंचाने के लक्ष्य पर भी बारीक नजर बनी हुई है।
