Gujarat Fluorochemicals ने वित्त वर्ष 27 की दूसरी तिमाही में शानदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का रेवेन्यू **45%** बढ़कर **₹1,760 करोड़** रहा, जबकि प्रॉफिट **42%** के उछाल के साथ **₹240 करोड़** पर पहुंच गया है।
मुनाफे की रफ्तार और बिजनेस ग्रोथ
Q2 FY27 में कंपनी ने शानदार मजबूती दिखाई है। केमिकल सेगमेंट कंपनी की ग्रोथ का मुख्य इंजन बना रहा, जिसने टॉपलाइन में ₹1,723 करोड़ का योगदान दिया, जो पिछले साल के मुकाबले 42% ज्यादा है। सेमीकंडक्टर और ऑटोमोटिव सेक्टर में फ्लुओरोपॉलिमर की भारी मांग ने इस बढ़त में बड़ी भूमिका निभाई है।
बैटरी मैटेरियल्स का विजन
निवेशकों की नजरें कंपनी के ₹6,000 करोड़ के महत्वाकांक्षी बैटरी मैटेरियल प्लान पर टिकी हैं। कंपनी ने अब तक ₹2,300 करोड़ इक्विटी और ₹900 करोड़ कर्ज के जरिए निवेश किए हैं। फिलहाल कंपनी ने अपनी रणनीति बदलते हुए 'एनोड' (Anode) प्रोजेक्ट को थोड़ा धीमा किया है, ताकि 'इलेक्ट्रोलाइट' और 'LFP' पर तेजी से काम हो सके। कंपनी को उम्मीद है कि इलेक्ट्रोलाइट से रेवेन्यू वित्त वर्ष 28 की दूसरी छमाही (H2 FY28) तक आना शुरू हो जाएगा।
प्रमुख सेगमेंट पर नजर
- फ्लुओरोपॉलिमर: डेटा सेंटर और सेमीकंडक्टर की मांग के चलते रेवेन्यू 22% बढ़कर ₹931 करोड़ रहा।
- फ्लुओरोकेमिकल्स: रेवेन्यू में 135% का तूफानी उछाल आया और यह ₹607 करोड़ दर्ज किया गया, जिसकी बड़ी वजह R-32 रेफ्रिजरेंट्स की बढ़ती डिमांड है।
सावधानी के संकेत
हालांकि कंपनी तेजी से बढ़ रही है, लेकिन निवेशकों को ध्यान रखना चाहिए कि बैटरी मैटेरियल बिजनेस के बड़े मुनाफे में आने में अभी समय लगेगा। क्लाइंट-लेड क्वालिफिकेशन और अंतरराष्ट्रीय प्रोजेक्ट्स के शिफ्टिंग की टाइमिंग को लेकर कुछ ऑपरेशनल चुनौतियां अभी भी बनी हुई हैं, इसलिए इसे मीडियम-टू-लॉन्ग टर्म के नजरिए से देखना बेहतर होगा।
