Anupam Rasayan India ने Bliss GVS Pharma में **50.07%** हिस्सेदारी खरीदकर कंपनी का नियंत्रण अपने हाथ में ले लिया है। इसके साथ ही कंपनी ने सितंबर तिमाही के वित्तीय नतीजे जारी किए हैं, जिसमें **₹50.34 करोड़** का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट दर्ज किया गया है।
बड़े अधिग्रहण से बदली तस्वीर
Anupam Rasayan India Ltd अब Bliss GVS Pharma की पैरेंट कंपनी बन गई है। 28 सितंबर, 2026 से प्रभावी इस डील के जरिए कंपनी ने 50.07% कंट्रोलिंग स्टेक हासिल कर लिया है। इस बड़े बदलाव के चलते कंपनी की बैलेंस शीट में ₹1,022.39 करोड़ की प्रोविजनल गुडविल (Goodwill) दर्ज की गई है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस पर एक नजर
सितंबर तिमाही के नतीजों में कंसोलिडेटेड लेवल पर कंपनी का कुल रेवेन्यू ₹821.17 करोड़ रहा है, जबकि कंसोलिडेटेड EPS ₹6.81 दर्ज किया गया। वहीं, स्टैंडअलोन आधार पर कंपनी का रेवेन्यू ₹412.71 करोड़ और EPS ₹4.01 रहा है।
आगे क्या होगा?
इन्वेस्टर्स के लिए फिलहाल सबसे महत्वपूर्ण है कि मैनेजमेंट इस अधिग्रहण के बाद सिनर्जी और मार्जिन को कैसे मैनेज करता है। अभी कंपनी इंटेंजिबल एसेट्स और प्लांट-मशीनरी के वैल्यूएशन को अंतिम रूप दे रही है।
जोखिम और निगरानी के बिंदु
- गुडविल इंपेयरमेंट: ₹1,022.39 करोड़ की प्रोविजनल गुडविल भविष्य में कंपनी के लिए एक बड़ा फैक्टर हो सकती है।
- इंटीग्रेशन चुनौतियां: दो बड़ी कंपनियों को एक साथ काम करने के दौरान एडमिनिस्ट्रेटिव और ऑपरेशनल खर्चों पर निवेशकों की नजर बनी रहनी चाहिए।
- डेट प्रोफाइल: नए अधिग्रहण के बाद कंपनी का डेट प्रोफाइल और कर्ज प्रबंधन आने वाली तिमाहियों में कंपनी की सेहत तय करेगा।
