Advance Petrochemicals ने अपनी 41वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) की तारीख **30 सितंबर, 2026** तय की है। फाइनेंशियल ईयर 2026 में कंपनी का नेट प्रॉफिट **90%** गिरकर सिर्फ **₹2.93 लाख** रह गया है, साथ ही रेवेन्यू में भी **5.74%** की गिरावट आई है।
मुनाफे में बड़ी गिरावट
कंपनी के फाइनेंशियल हेल्थ पर दबाव साफ दिख रहा है। पिछले साल के ₹30.22 लाख के मुकाबले इस साल नेट प्रॉफिट घटकर ₹2.93 लाख रह गया है। वहीं, कंपनी का सालाना रेवेन्यू भी 5.74% फिसलकर ₹47.45 करोड़ पर आ गया है। इसके चलते अर्निंग पर शेयर (EPS) ₹3.36 से घटकर सिर्फ ₹0.33 रह गया है। कंपनी ने इस बार कोई डिविडेंड घोषित नहीं किया है।
बोर्ड में बड़े बदलाव
कंपनी के मैनेजमेंट में बड़ा फेरबदल हुआ है। श्रीमती पलक तापस रेलिया को चेयरमैन कम नॉन-एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर बनाया गया है, जबकि प्रियंक दिलीपभाई पारिख को एडिशनल इंडिपेंडेंट डायरेक्टर नियुक्त किया गया है। दूसरी ओर, अक्षत अरुणभाई शुक्ला और अरविंद विश्वनाथ गोयनका ने अपने पदों से इस्तीफा दे दिया है।
रेगुलेटरी कंप्लायंस पर सवाल
सेक्रेटेरियल ऑडिट में एक अहम खुलासा हुआ है कि प्रमोटरों की केवल 23.14% होल्डिंग ही अभी डीमैट फॉर्म में है। कंपनी ने कहा है कि वे इस स्थिति को जल्द ठीक करने की प्रक्रिया में हैं। राहत की बात यह है कि ऑडिटर्स की रिपोर्ट क्लीन है और इसमें धोखाधड़ी या किसी प्रतिकूल टिप्पणी का कोई जिक्र नहीं है।
निवेशक क्या देखें?
अब सबकी नजरें 30 सितंबर को होने वाली AGM पर टिकी हैं। निवेशक इस बात का जवाब चाहेंगे कि कंपनी मार्जिन और ग्रोथ को दोबारा पटरी पर कैसे लाएगी और प्रमोटर डीमैट होल्डिंग को बढ़ाने की समय-सीमा क्या होगी।
